एएमयू के इस कॉलेज में हुआ शोध, चार महीने खिलाया ये चूरन, पांच किलो घटा वजन
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weight loss churan in hindi: अलीगढ़ में यूनानी वेदा हर्बल रेमिडीज ने फैटोवैक पाउडर मोटापे से जंग लड़ने के लिए है. रोजाना सुबह-शाम….
एएमयू के तिब्बिया कॉलेज में हुआ शोध, कम हो गया पांच किलो वजन
अलीगढ़: मोटापे से जूझ रहे व्यक्तियों को चार महीने तक यूनानी चूरन का सेवन कराया गया. इससे उनका पांच किलो वजन कम हो गया. अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के अजमल खां तिब्बिया कॉलेज में 300 मोटे लोगों पर किए गए दो साल के शोध में यह रिपोर्ट सामने आई है. मोटापे ने लोगों का चलना, घूमना और टहलना तक बंद कर दिया है. उनकी परेशानी दूर करने के लिए तिब्बिया कॉलेज ने जड़ी-बूटियों को लेकर सफूफ-ए-मुहज्जिल नामक चूरन (पाउडर) बनाया. चूरन के नतीजे को जानने के लिए 300 मोटे लोगों पर ट्रायल शुरू किया गया.
तिब्बिया कॉलेज के डॉ. अब्दुल मन्नान ने छह महीने तक मोटे लोगों को पाउडर का सेवन कराया. इसमें पांच किलो तक वजन कम हो गया. बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) भी 32.4 से 29.9 हो गया. शोध के लिए आयुष मंत्रालय भारत सरकार ने 25 लाख रुपये दिए थे. शोध रिपोर्ट मंत्रालय को भेज दी गई है. शोध अंतरराष्ट्रीय जर्नल ओबेसिटी मेडिसिन में छप चुका है. यह उन मोटे लोगों के लिए अच्छी खबर है जो मोटापे से परेशान हैं.
जानकारी देते हुए डॉ. अब्दुल मन्नान ने बताया कि अध्ययन में मोटे व्यक्तियों के वजन और बीएमआई में गिरावट का पता चला है. सुफूफ-ए-मुहाज्जिल में बीएमआई काफी कम था. सुफूफ-ए-मुहाज्जिल को 14 सप्ताह मोटे व्यक्तियों को दिया गया. इसके साथ छह सप्ताह के उपचार के बाद उच्च रक्तचाप वाले रोगियों में एक अन्य अध्ययन ने बीएमआई में 3.03 फीसदी की कमी दिखाई.
डॉ मन्नान का दावा है कि छह महीने में उनकी दवा मोटापे को कम कर देगी. इसके लिए उन्होंने आयुष मंत्रालय से संस्तुति ले ली है. अलीगढ़ में यूनानी वेदा हर्बल रेमिडीज ने फैटोवैक पाउडर मोटापे से जंग लड़ने के लिए है. रोजाना सुबह-शाम तीन-तीन ग्राम पाउडर पानी से लेना होगा. पाउडर के सेवन से पेट भरा रहेगा. इससे लंच या डिनर से पहले भूख नहीं महसूस होगी. जब खाएंगे नहीं तो मोटापा कम होगा.
Aligarh,Uttar Pradesh
March 06, 2025, 22:22 IST