छात्राओं की पानी की बोतल में मिली पेशाब, 3 छात्रों पर लगाए आरोप, कहा- बाथरूम में गंदे-गंदे…
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UP Crime News: बदायूं के एक स्कूल में कुछ छात्रों ने सारी हदें पार कर दी. छात्राओं ने आरोप लगाया है कि इन छात्रों ने उनकी पानी की बोतल में यूरीन मिला दी. बाद में बोतल बैग में रख दी.
बदायूं. उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले से बेहद सनसनीखेज और चौंकाने वाली घटना सामने आई है. यहां के एक स्कूल की कुछ छात्राओं ने आरोप लगाया कि गैर-समुदाय के तीन छात्रों ने उनकी बोतलों में पेशाब मिलाकर उनके बैग में रख दिया. साथ ही अश्लील हरकतें भी कीं. इसके अलावा, बाथरूम की दीवारों पर अभद्र और आपत्तिजनक संदेश लिखे गए. इस घटना ने पूरे इलाके में आक्रोश फैला दिया है.
क्या है पूरा मामला?
यह मामला जिले के उसहैत थाना क्षेत्र के नगर पंचायत स्थित श्रीमती चमेली देवी हायर सेकेंडरी स्कूल का है. यहां पढ़ने वाली कुछ छात्राओं ने बताया कि उनके साथ पढ़ने वाले तीन छात्रों ने पानी की बोतल में पेशाब मिलाकर उसे उनके बैग में रख दिया. यह हरकत न सिर्फ शर्मनाक थी बल्कि सुरक्षा पर भी बड़ा सवाल खड़ा करती है. इसके अलावा, उन्हीं छात्रों पर अश्लील हरकतें करने और स्कूल के बाथरूम की दीवारों पर आपत्तिजनक कमेंट और मैसेज लिखने का आरोप लगा है.

छात्राओं ने पहले स्कूल प्रबंधन को शिकायत की. मगर, आरोप है कि प्रबंधन ने मामले को नजरअंदाज कर दिया. इससे छात्राएं परेशान हो गईं. जब शिकायत पर कोई सुनवाई नहीं हुई, तो उन्होंने इसकी जानकारी परिजनों को दी. जैसे ही छात्राओं के परिवारों को यह जानकारी मिली. उन्होंने इसकी सूचना हिंदूवादी संगठनों को दी. इसके बाद बड़ी संख्या में लोग स्कूल पहुंच गए और आरोपियों पर कार्रवाई की मांग करते हुए जमकर हंगामा किया.

स्कूल प्रबंधन ने लगाया उल्टा आरोप
इस दौरान स्कूल परिसर में माहौल तनावपूर्ण हो गया. परिजनों ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ किया जा रहा है और स्कूल प्रबंधन गंभीर मामले को दबाने की कोशिश कर रहा है. जहां एक ओर परिजन छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे, वहीं स्कूल प्रबंधन ने भी परिजनों पर आरोप लगाया. स्कूल स्टाफ का कहना है कि परिजनों ने स्कूल में घुसकर स्टाफ से अभद्रता की. प्रबंधन ने कहा कि मामला पुराना था और जांच की जा रही थी, लेकिन परिजनों ने हंगामा कर स्थिति को बिगाड़ दिया.
पुलिस जांच में आया ये सच
हंगामे के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और छात्राओं की शिकायत के आधार पर अज्ञात छात्रों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की. पुलिस के मुताबिक, घटना 5 दिन पुरानी है. परिजनों ने बोतल में पेशाब होने का कोई ठोस सबूत नहीं दिया. बाथरूम में लिखे गए अभद्र मैसेज को हटाने के लिए टॉयलेट में पेंट करवा दिया गया है. अब पूरी घटना की विस्तृत जांच जारी है और आरोपियों की पहचान की जा रही है.