पंडित छन्नूलाल मिश्र का निधन कैसे हुआ, प्रसिद्ध शास्त्रीय गायक को क्या हो गया था?
Last Updated:
Chhannulal Mishra Death Reason: शास्त्रीय संगीत के फेमस गायक पंडित छन्नूलाल मिश्र का निधन हो गया. वह भारतीय शास्त्रीय संगीत के महारथी थे. वह अपनी बुलंद आवाज और ठुमरी गायकी के लिए फेमस थे. पंडित छन्नूलाल मिश्रा ने 91 साल की उम्र में आज गुरुवार यानी दशहरे के दिन वाराणसी में आखिरी सांस ली.
Pandit Chhannulal Mishra Death Reason: शास्त्रीय संगीत की दुनिया के महान गायक पंडित छन्नूलाल मिश्र अब नहीं रहे. पंडित छन्नूलाल मिश्र हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत के चमकते सितारा थे. पंडित छन्नूलाल मिश्र का आज यानी दशहरे के दिन निधन हो गया. उनकी उम्र 91 साल थी. उन्होंने वाराणसी के अपने आवास पर अंतिम सांस ली. क्लासिकल सिंगर पंडित छन्नूलाल मिश्र के निधन से देश में शोक की लहर है. वह उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ के रहने वाले थे. मगर संगीत की खातिर उन्होंने वाराणसी को ही अपना कर्मस्थली बना लिया था. अब सवाल है कि आखिर पंडित छन्नूलाल मिश्र को क्या हो गया था, उनका निधन कैसे हुआ? क्या कोई बीमारी थी?
पंडित छन्नूलाल मिश्र का निधन कैसे हुआ?
भारतीय शास्त्रीय संगीत के दिग्गज छन्नूलाल मिश्र पिछले सात महीनों से अस्वस्थ चल रहे थे. उन्हें टाइप-2 डायबिटीज, हाई बीपी (Hypertension), ऑस्टियोआर्थराइटिस और बीनाइन प्रोस्टेटिक हाइपरप्लासिया (BPH) जैसी पुरानी बीमारियां थीं. उन्हें तीव्र श्वसन संकट सिंड्रोम (ARDS) भी था. साल 2021 में कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने भारी व्यक्तिगत नुकसान झेला था. सितंबर 2025 में उनकी हालत बिगड़ी और उन्हें बीएचयू के आईसीयू में शिफ्ट किया गया. वहां नॉन-इनवेसिव वेंटिलेटर सपोर्ट, एंटीबायोटिक्स और इंसुलिन थेरेपी दी गई, मगर उनकी उम्र और पुरानी बीमारियां शरीर को सहन नहीं कर सकीं. आखिरकार उन्होंने आज दुनिया को अलविदा कह दिया.
कौन थे पंडित छन्नूलाल मिश्र
पंडित छन्नूलाल मिश्र का जन्म 3 अगस्त 1936 को उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के हरिहरपुर गांव में हुआ था. वे बनारस घराने के प्रमुख गायक थे. उनकी ठुमरी, खयाल, चैती और कजरी गायकी ने दुनिया भर में नाम कमाया. किराना घराने के उस्ताद अब्दुल घानी खान से शिक्षा प्राप्त करने के बाद उन्होंने पूर्वांग शैली को नई पहचान दी. पद्म भूषण (2009) और पद्म विभूषण (2021) जैसे सम्मानों से सम्मानित पंडित जी ने संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार भी जीता. वे तबला वादक पंडित अनोखेलाल मिश्रा के दामाद थे और उनके बेटे रामकुमार मिश्रा भी संगीतकार हैं.
पीएम मोदी से क्या कनेक्शन
पंडित छन्नुलाल मिश्र का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी कनेक्शन रहा है. साल 2014 में जब पीएम नरेंद्र मोदी ने वाराणसी से चुनाव लड़ने गए थे, तब चुनाव में पंडित छन्नुलाल मिश्र ही उनके प्रस्तावक बने थे. जब नरेंद्र मोदी चुनाव जीतकर देश के प्रधानमंत्री बने तो उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन के लिए नवरत्नों को नियुक्त किया था. इन नवरत्नों में पंडित छन्नूलाल मिश्र भी एक थे. पंडित छन्नूलाल मिश्रा बॉलीवुड में भी अपना अहम योगदान दे चुके हैं. वह ऑल इंडिया रेडियो और दूरदर्शन के भी आर्टिस्ट रह चुके हैं.

Shankar Pandit has more than 10 years of experience in journalism. Before News18 (Network18 Group), he had worked with Hindustan times (Live Hindustan), NDTV, India News Aand Scoop Whoop. Currently he handle ho…और पढ़ें
Shankar Pandit has more than 10 years of experience in journalism. Before News18 (Network18 Group), he had worked with Hindustan times (Live Hindustan), NDTV, India News Aand Scoop Whoop. Currently he handle ho… और पढ़ें