बारिश के बाद भी कानपुर की नहीं बदली हवा, कई इलाकों में एक्यूआई की स्थिति गंभीर
कानपुर: यूपी के कानपुर महानगर के अलग-अलग हिस्सों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) की स्थिति अभी गंभीर बनी हुई है. शहर के कई इलाकों में प्रदूषण का स्तर 198 से 210 AQI के बीच दर्ज किया गया है, जो ‘गंभीर’ (Severe) और ‘बहुत अस्वस्थ’ (Very Unhealthy) श्रेणी में आता है.
प्रदूषण का प्रमुख कारण
इन दिनों हवा में PM2.5 और PM10 जैसे महीन कणों की मात्रा बहुत ज्यादा दर्ज की गई है.PM2.5, जिसका स्तर कई जगहों पर 120 µg/m³ से भी ऊपर है, इतना छोटा कण होता है कि यह फेफड़ों के अंदर तक जा सकता है और गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं पैदा कर सकता है. प्रदूषण के लिए वाहनों का धुआँ, औद्योगिक गतिविधियाँ और धूल मुख्य रूप से जिम्मेदार हैं.
कल की बारिश से भी नहीं हुआ सुधार
कल सोमवार, 27 अक्टूबर को कानपुर में हल्की सी बारिश हुई थी. आमतौर पर, बारिश प्रदूषण के कणों को ज़मीन पर बिठा देती है, जिससे हवा की गुणवत्ता में काफी सुधार होता है. हालांकि, मौजूदा आंकड़ों के आधार पर यह कहा जा सकता है कि इस हल्की बारिश का एयर क्वालिटी इंडेक्स पर कोई खास या बड़ा सकारात्मक परिवर्तन नहीं दिखाई दिया है.
अलग-अलग जगहों पर AQI अभी भी 200 के आसपास या उससे ऊपर बना हुआ है, जो यह दर्शाता है कि प्रदूषण का स्तर इतना ज़्यादा है कि हल्की बारिश भी इसे कम करने में नाकाम रही है.संभव है कि बारिश की मात्रा कम रही हो या प्रदूषक तत्वों की सघनता इतनी अधिक थी कि वे पूरी तरह से साफ नहीं हो पाए। प्रदूषण के उच्च स्तर को देखते हुए, लोगों को अभी भी बहुत सावधान रहने की ज़रूरत है.
नागरिकों के लिए सलाह
वायु प्रदूषण की इस गंभीर स्थिति में, कानपुर के नागरिकों को विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि बाहर निकलने से बचें: जब तक बहुत ज़रूरी न हो बाहर न निकलें।
मास्क पहनें: अगर बाहर जाना पड़े, तो N95 या P100 मास्क का इस्तेमाल करें. घर के अंदर रहें: खिड़की-दरवाजे बंद रखें और संभव हो तो एयर प्यूरीफायर का उपयोग करें. बच्चों और बुजुर्गों का ध्यान रखें: उन्हें घर के अंदर ही रखें, क्योंकि वे प्रदूषण के प्रति सबसे ज़्यादा संवेदनशील होते हैं.