महराजगंज का सोनाड़ी देवी मंदिर बना आस्था और इतिहास का केंद्र, गौतम बुद्ध से भी जुड़ी है मा
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महराजगंज जिले के चौक क्षेत्र के जंगलों के पास स्थित सोनाड़ी देवी मंदिर एक प्राचीन और प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है. यह मंदिर एक पुराने वटवृक्ष की छाया में बना है और इसके बारे में मान्यता है कि गौतम बुद्ध यहां विश्राम कर चुके थे. प्राकृतिक सुंदरता से घिरा यह स्थान ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व का अनोखा संगम प्रस्तुत करता है. चैत्र रामनवमी के अवसर पर यहां भव्य मेला लगता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं. मंदिर महराजगंज मुख्यालय से चौक बाजार होते हुए गोरखनाथ मंदिर चौक से पश्चिम दिशा में स्थित है.
महराजगंज. ये जिला अपने खास भौगोलिक स्थिति के लिए जाना जाता है, इसके साथ ही जिले में जंगलों का एक बड़ा क्षेत्र है जिसकी वजह से यह जिला वन संपदा से समृद्ध माना जाता है. जिले का एक बड़ा हिस्सा जंगलों से घिरे होने की वजह से यहां का वातावरण बहुत ही हरा भरा रहता है. प्राकृतिक सुंदरता के बीच बसे महराजगंज जिले के अलग-अलग क्षेत्र में बहुत से ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल मौजूद हैं. इसके साथ ही इन महत्वपूर्ण स्थलों की अपनी खास धार्मिक और ऐतिहासिक मान्यताएं भी प्रचलित हैं. जिले के चौक क्षेत्र के जंगलों के नजदीक एक धार्मिक स्थल मौजूद है, सोनाड़ी देवी मंदिर जो श्रद्धालुओं के आस्था का एक बड़ा केंद्र माना जाता है. यह मंदिर ऐतिहासिक दृष्टिकोण से बहुत ही प्राचीन है और इसके साथ ही यहां महराजगंज जिले के साथ ही दूर-दूर से आने वाले श्रद्धालुओं के बीच में यह काफी लोकप्रिय है.
प्राचीन वटवृक्ष के छांव में स्थित है यह मंदिर
सोनाड़ी देवी मंदिर के पुजारी बताते हैं कि चौक जंगलों से नजदीक यह सोनाड़ी देवी मंदिर बहुत ही प्राचीन है. इसके स्थापना की कोई निश्चित जानकारी किसी के पास उपलब्ध नहीं है. यह प्राचीन सोनाड़ी देवी मंदिर, एक प्राचीन वटवृक्ष के छांव में स्थित है, जो इसकी खूबसूरती को और भी अधिक बढ़ा देता है. इस मंदिर से जुड़ी यह मान्यता है कि भगवान गौतम बुद्ध जब बोधगया की ओर प्रस्थान कर रहे थे उसी दौरान वह यहां पर कुछ समय विश्राम किए थे और उसके बाद यहां से आगे बढ़े थे. सोनाड़ी देवी मंदिर से थोड़ी ही दूरी पर महराजगंज जिले के एक बड़े पर्यटन स्थलों में से एक रामग्राम भी मौजूद है जिसका ऐतिहासिक जुड़ाव गौतम बुद्ध से है जो समय समय पर चर्चा में भी बना रहता है. इसके साथ ही यह गोरखनाथ मंदिर चौक से भी थोड़ी दूरी पर स्थित है, जहां समय समय पर विकास कार्य होते रहते हैं और यही वजह है कि यह मंदिर और भी लोकप्रिय होता जा रहा है.
प्रकृति और ऐतिहासिक संस्कृति का अनोखा संगम
सोनाड़ी देवी मंदिर के परिसर में प्रतिवर्ष चैत्र रामनवमी के अवसर पर यहां भव्य मेले का आयोजन किया जाता है. इस भव्य मेले में एक बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं. सोनाड़ी देवी मंदिर के परिसर में आयोजित होने वाला यह मेला पूरे महराजगंज जिले में प्रसिद्ध है और यहां पर पूरे नवरात्र भर धार्मिक उत्साह का केंद्र बना रहता है. यदि आप भी सोनाड़ी देवी मंदिर पहुंचना चाहते हैं तो आपको महराजगंज जिला मुख्यालय से होते हुए चौक बाजार जाना होगा और इसके बाद गोरखनाथ मंदिर चौक से पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने पर आप सोनाड़ी देवी मंदिर पहुंच सकते हैं. प्रकृति की गोद में में स्थित यह मंदिर प्रकृति और ऐतिहासिक संस्कृति का अनोखा संगम के रूप में जाना जाता है.
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नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…और पढ़ें