शादी करनी है तो पहले इस कुंआ का पूजन अनिवार्य! जानें 2000 वर्ष पुराने विष्णु कुआं का रहस्‍य

0
शादी करनी है तो पहले इस कुंआ का पूजन अनिवार्य! जानें 2000 वर्ष पुराने विष्णु कुआं का रहस्‍य


Last Updated:

bagpat latest news : बागपत के खेकड़ा स्थित सदा शिव शक्ति मंदिर में मौजूद दो हजार वर्ष पुराना भगवान विष्णु का प्राचीन कुआं श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का केंद्र है. मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है. विवाह से पहले कुएं का पूजन और शिवरात्रि पर विशेष आयोजन इस धाम की खास पहचान हैं.

बागपत : यूपी में बागपत के खेकड़ा कस्बे में स्थित सदा शिव शक्ति मंदिर श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का केंद्र बना हुआ है. यहां मौजूद करीब दो हजार वर्ष पुराना प्राचीन कुआं विशेष मान्यता रखता है. मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई मुराद अवश्य पूरी होती है. देश-विदेश से लोग यहां दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते हैं. मंदिर परिसर में स्थित भगवान विष्णु का प्राचीन कुआं इस स्थान की सबसे बड़ी विशेषता है. स्थानीय लोगों के अनुसार शुरुआत में श्रद्धालु इसी कुएं के पास बैठकर पूजा अर्चना करते थे. धीरे-धीरे लोगों की आस्था बढ़ती गई और यह स्थान धार्मिक केंद्र के रूप में विकसित हो गया.

ग्रामीणों के सहयोग से हुआ निर्माण
बताया जाता है कि इसी पवित्र स्थल पर बैठकर मंदिर निर्माण की योजना बनाई गई थी. ग्रामीणों के सहयोग और शिव भक्तों की पहल से वर्ष 1997 में सदा शिव शक्ति मंदिर का निर्माण कराया गया. तब से यह मंदिर क्षेत्र की धार्मिक पहचान बन चुका है.

विवाह से पहले कुएं का पूजन
मंदिर के मुख्य पुजारी पंडित पूर्णानंद व्यास के अनुसार यदि खेकड़ा कस्बे में किसी भी व्यक्ति का विवाह होता है तो इस प्राचीन कुएं का पूजन अवश्य किया जाता है. मान्यता है कि इससे वैवाहिक जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहती है और दांपत्य जीवन मंगलमय होता है.

दूर-दराज से पहुंचते हैं श्रद्धालु
पुजारी के अनुसार उत्तराखंड, दिल्ली, पंजाब और राजस्थान सहित देश के विभिन्न राज्यों से श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं. विदेश में रहने वाले लोग भी जब अपने घर लौटते हैं तो मंदिर में मत्था टेकना नहीं भूलते. यहां पूजा करने से भगवान शिव और भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त होने की मान्यता है.

शिवरात्रि पर विशेष आयोजन
फाल्गुन मास और श्रावण मास की शिवरात्रि के अवसर पर मंदिर में विशेष पूजा-पाठ और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं. इन अवसरों पर बड़ी संख्या में शिव भक्त एकत्र होते हैं और भक्ति भाव से जलाभिषेक एवं पूजन करते हैं.

मनोकामना पूर्ण होने की मान्यता
मुख्य पुजारी का कहना है कि जो भी श्रद्धालु सच्चे मन से यहां पूजा करता है, उसकी मनोकामना अवश्य पूर्ण होती है. मनोकामना पूरी होने पर श्रद्धालु प्रसाद वितरण कर आभार व्यक्त करते हैं. स्थानीय लोग इस स्थान को चमत्कारी धाम के रूप में मानते हैं. सदा शिव शक्ति मंदिर केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि लोगों के विश्वास और एकजुटता का प्रतीक भी है. वर्षों पुराना यह स्थल आज भी श्रद्धा, भक्ति और परंपरा की जीवंत मिसाल बना हुआ है.



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हो सकता है आप चूक गए हों