सब्जियों को सुरक्षित रखने के लिए किसान ने लगाया गजब का जुगाड़! देख कर लोग हैरान
बहराइच: खेतों के किनारे फसलों की देखरेख और जानवरों से सुरक्षा के लिए किसान मचान बनाकर पहरा देते हैं, लेकिन क्या आपने कभी मचान का उपयोग किसी अन्य कार्य के लिए देखा है? दरअसल, यूपी के बहराइच जिले में रहने वाले एक बुजुर्ग किसान ने टीनशेड के नीचे मचान बना रखा है, और इस मचान का उपयोग वे खेत की रखवाली के लिए नहीं, बल्कि साग-सब्जियों को सुरक्षित रखने के लिए करते हैं. आइए जानते हैं, यह अनोखा विचार कैसे आया.
जानिए, कैसे सुरक्षित रहता है मचान पर कच्चा सामान
दरअसल, इस मचान को इस तरह बनाया जाता है कि हवा चारों तरफ से आती-जाती रहे. इसी मचान पर लहसुन, प्याज और अन्य कच्चा सामान रख दिया जाता है. लगातार हवा लगने से ये जल्दी खराब नहीं होते. यह मचान ट्रेन की जनरल बोगी की सीट की तरह 3 से 4 हिस्सों में बना होता है, जिसे बाँस के डंडों की सहायता से सहारा दिया जाता है. फिर बनी हुई रैक में सामान रख दिया जाता है.
इसमें एक खास बात का ध्यान रखा जाता है कि ऊपर से छाया बनी रहे. इसके लिए टीनशेड या फूस से ढक दिया जाता है, ताकि सीधे धूप न पड़े और सामान खराब न हो.
कृषि विज्ञान केंद्र से मिला सहयोग
बहराइच जिले के ग्राम कटरा बहादुरगंज में रहने वाले बुजुर्ग किसान गोपियानंद ने बताया कि उनके इस मचान को बनाने में कृषि विज्ञान केंद्र का बड़ा योगदान है. वहीं से उन्हें यह आइडिया और सहायता मिली, जिसके बाद यह संरचना तैयार हो पाई.
उन्होंने बताया कि इसे बनाने के लिए लगभग 4 से 5 बिस्वा जमीन पर टीनशेड तैयार किया गया है, जिसे लोहे के एंगल से मजबूती दी गई है. साथ ही तीन तरफ 3 से 4 फीट ऊंची दीवार बनाई गई है. इसके बाद अंदर की ओर किनारों पर मचान तैयार किया गया, जिस पर अब कच्चा सामान आसानी से रखा और सुरक्षित किया जाता है.
सब्जियां लंबे वक्त तक रहती हैं सुरक्षित
किसान भाई भी इस तकनीक को अपनाकर आलू, अदरक, हल्दी, लहसुन और प्याज जैसे उत्पादों को सुरक्षित रख सकते हैं, क्योंकि बंद कमरे या जमीन पर रखने से इनमें फंगस लग जाती है और ये धीरे-धीरे सड़ने लगते हैं, जिससे किसानों को नुकसान होता है. इस तरीके से किसान अपनी सब्जियों को लंबे समय तक सुरक्षित रख सकते हैं.