सहारा शहर की 245 एकड़ जमीन पर बनेगा नया विधानसभा भवन? एलडीए ने पूरा किया सर्वे
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Lucknow News: राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर स्थित सहारा शहर में नया विधानसभा भवन बनाने की बातें जोर पकड़ने लगी हैं. जानकारी के मुताबिक लखनऊ विकास प्राधिकरण ने सर्वे कर अपनी रिपोर्ट शासन को सौंप दी है.
लखनऊ. राजधानी लखनऊ के पॉश इलाके गोमतीनगर में फैले सहारा शहर की उस विशाल जमीन पर अब नया विधानसभा भवन बनने की चर्चा ने जोर पकड़ लिया है. सूत्रों के मुताबिक शासन के मौखिक निर्देश पर लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने पिछले एक महीने में सहारा शहर की पूरी 245 एकड़ जमीन का सर्वे और नपाई का काम पूरा कर लिया है. मंगलवार सुबह तक यह रिपोर्ट शासन को भेज दी गई.
200 एकड़ की जरूरत, 245 एकड़ उपलब्ध
सरकारी अधिकारियों के अनुसार नए विधानसभा परिसर के लिए कम से कम 200 एकड़ जमीन चाहिए. इसमें विधानसभा भवन, विधान परिषद भवन, मंत्रियों-विधायकों के चैंबर, विशाल पार्किंग, ग्रीन बेल्ट और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त जगह शामिल है. सहारा शहर में कुल 245 एकड़ जमीन उपलब्ध है, जो जरूरत से 45 एकड़ ज्यादा है.
सर्वे में क्या निकला?
एलडीए की टीम ने पिछले 30 दिनों में दिन-रात काम करते हुए जमीन की बाउंड्री, मौजूदा निर्माण, अतिक्रमण और यूटिलिटी मैपिंग का पूरा ब्योरा तैयार किया है. रिपोर्ट में साफ कहा गया है कि जमीन पूरी तरह खाली और समतल है, गोमती नदी से दूरी सुरक्षित है. शहीद पथ, अमर शहीद पथ और हजरतगंज से सीधी कनेक्टिविटी
मेट्रो स्टेशन और एयरपोर्ट से महज 15-20 मिनट की दूरी पर है.
अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं
हालांकि, सरकार की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन आवास एवं शहरी विकास विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि “मुख्यमंत्री कार्यालय से लगातार इस जमीन के बारे में अपडेट मांगा जा रहा है. सर्वे रिपोर्ट मिलते ही अंतिम फैसला लिया जाएगा.”

अमित तिवारी, News18 Hindi के डिजिटल विंग में प्रिंसिपल कॉरेस्पॉन्डेंट हैं. वर्तमान में अमित उत्तर प्रदेश की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, ब्यूरोक्रेसी, क्राइम, ब्रेकिंग न्यूज और रिसर्च बेस्ड कवरेज कर रहे हैं. अख़बार…और पढ़ें
अमित तिवारी, News18 Hindi के डिजिटल विंग में प्रिंसिपल कॉरेस्पॉन्डेंट हैं. वर्तमान में अमित उत्तर प्रदेश की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, ब्यूरोक्रेसी, क्राइम, ब्रेकिंग न्यूज और रिसर्च बेस्ड कवरेज कर रहे हैं. अख़बार… और पढ़ें