1 घंटे में लगा डाले 2.5 लाख पौधे, काशी ने तोड़ा चीन का वर्ल्ड रिकॉर्ड, निगम कमाएगा करोड़ों
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प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी ने कमाल कर दिखाया है. यहां आज एक घंटे से भी कम समय में 2.5 लाख से अधिक पौधे लगा दिए गए. इस काम में 20,000 से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया. इस पौधरोपण में बांस, कचनार, महुआ, हरसिंगार, अमरूद, पपीता, अनार, अश्वगंधा, शतावरी और एलोवेरा जैसे पौधे लगाए गए. शीशम और अर्जुन जैसी पौधों को गंगा किनारे लगाया गया ताकि बाढ़ से कटाव कम हो. इस प्रोजेक्ट के तहत मध्य प्रदेश की संस्था से समझौता किया गया है, जो दो साल बाद नगर निगम को 2 करोड़ रुपये वार्षिक आय देगी. सातवें साल तक यह राशि बढ़कर 7 करोड़ रुपये प्रति वर्ष होने की उम्मीद है.
पौधरोपण में स्कूली छात्रों ने भी हिस्सा लिया.
वाराणसी. पर्यावरण संरक्षण के एक बड़े अभियान के तहत वाराणसी नगर निगम ने शनिवार को प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र में एक घंटे से भी कम समय में 2.5 लाख से अधिक पौधे लगाए. इस पहल में 20,000 से अधिक लोगों ने हिस्सा लिया. इसे गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की ओर से आधिकारिक मान्यता दी गई है. यह पौधरोपण गंगा नदी तट के निकट डोमारी क्षेत्र में किया गया, जहां अधिकारी “नमो वन” नामक एक विशाल शहरी वन विकसित कर रहे हैं. यह परियोजना लगभग 350 बीघा भूमि में फैली हुई है. इसका उद्देश्य शहर में हरियाली और जैव विविधता को बढ़ावा देना है.
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1 मार्च को चलाए गए अभियान के तहत मियावाकी वृक्षारोपण पद्धति से एक घंटे के भीतर लगभग 2.5 लाख पौधे लगाए गए. इसने इसी अवधि में लगाए गए 1.5 लाख पौधों के चीन के पिछले विश्व रिकॉर्ड को तोड़ दिया. अधिकारियों ने बताया कि लगभग 2.5 लाख पौधे मियावाकी पद्धति से लगाए गए हैं. इस परियोजना में कई सार्वजनिक सुविधाओं पर भी काम किया जाना है, जिनमें चार किलोमीटर का पैदल मार्ग, ध्यान और योग क्षेत्र, चार हेक्टेयर में फैला फूलों का उद्यान और दो हेक्टेयर का हर्बल पार्क शामिल हैं. बच्चों के खेल क्षेत्र और एक ओपन जिम भी विकसित किया जा रहा है.
अधिकारियों का मानना है कि इस पहल से क्षेत्र के पारिस्थितिक संतुलन में सुधार होगा और गंगा नदी के किनारे की जमीन मजबूत होगी. नगर निगम को उम्मीद है कि इस परियोजना से तीसरे वर्ष से लगभग 2 करोड़ रुपये का वार्षिक राजस्व मिलना शुरू हो जाएगा, जो सातवें वर्ष तक बढ़कर लगभग 7 करोड़ रुपये हो सकता है. वाराणसी नगर निगम के महापौर अशोक तिवारी ने बताया कि इस प्रोजेक्ट के तहत मध्य प्रदेश के एमबीके नाम की संस्था से समझौता भी किया गया है, जो तीसरे साल से नगर निगम को 2 करोड़ रुपये वार्षिक आय के तौर पर देगी. सातवें साल तक यह राशि बढ़कर 7 करोड़ रुपये प्रति वर्ष हो जाएगी. इस पौधरोपण कार्यक्रम में बांस, कचनार, महुआ, हरसिंगार, अमरूद, पपीता, अनार, अश्वगंधा, शतावरी और एलोवेरा जैसे 27 प्रकार के पौधे लगाए गए. इनमें कई औषधीय पौधे भी शामिल हैं. शीशम और अर्जुन जैसी पौधों को गंगा किनारे लगाया गया ताकि बाढ़ के वक्त ये उसे आसानी से सह सकें.
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Priyanshu has more than 10 years of experience in journalism. Before News 18 (Network 18 Group), he had worked with Rajsthan Patrika and Amar Ujala. He has Studied Journalism from Indian Institute of Mass Commu…और पढ़ें