OBC कमिटी PDA की तोड़? कांग्रेस सेट कर रही है गोटी, अखिलेश के फॉर्मूले का निकाल लिया तोड़
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UP Congress OBC Committee: UP कांग्रेस OBC कमेटी में 197 नेताओं को शामिल किया गया है. इसमें 31 उपाध्यक्ष,71 महासचिव और 95 सचिव बनाए गए हैं. कांग्रेस ने OBC की सभी खासकर अति पिछड़ी जातियों को संगठन में बड़ी हिस्सेदारी दी है.
लखनऊः उत्तर प्रदेश में भले ही विधनासभा चुनाव 2027 में है, लेकिन राजनीतिक गोटी अभी से सेट होने लगी है. एक तरफ जहां बहुजन समाज पार्टी (बसपा) अपनी जोरदार वापसी के लिए कार्यक्रम पर कार्यक्रम किए जा रही है. वहीं कांग्रेस पार्टी जातीय समीकरण सेट करने में लगी है. इसी कड़ी में कांग्रेस ने ओबीसी कमेटी बनाई है. ये ओबीसी कमेटी, अखिलेश यादव के पीडीए फॉर्मूला की तोड़ है. UP कांग्रेस OBC कमेटी में 197 नेताओं को शामिल किया गया है. इसमें 31 उपाध्यक्ष,71 महासचिव और 95 सचिव बनाए गए हैं. कांग्रेस ने OBC की सभी खासकर अति पिछड़ी जातियों को संगठन में बड़ी हिस्सेदारी दी है. UP कांग्रेस के OBC मोर्चे में 65% अति पिछड़ी जातियों को जगह दी गई है. कांग्रेस OBC मोर्चे में 35% अन्य OBC शामिल किए गए हैं.
बंजारा, पसमांदा मुस्लिम, प्रजापति, बिंद जैसी सभी अति पिछड़ी जाति का प्रतिनिधि शामिल किया गया है. UP कांग्रेस OBC मोर्चे के प्रदेश अध्यक्ष मनोज यादव ने कहा, ‘राहुल गांधी जी की सोच सभी को भागीदारी देकर समावेशी संगठन बनाना है.’ मनोज यादव ने बीजेपी पर हमला बोलते हुए कहा कि BJP ने OBC को लगातार कई वर्षों से उलझाए रखा है. BJP रोहिणी कमिशन के आधार पर भी अति पिछड़ों को आरक्षण नहीं दे रही है.
इसके अलावा उन्होंने कहा, ‘सुभसपा, निषाद पार्टी अति पिछड़ों को आरक्षण दिलाने का वायदा करके ही आए थे. खुद मंत्री और बेटे विधायक बन गए लेकिन अति पिछड़ों को कुछ नहीं मिला. अब चुनाव आने पर राजभर जी योगी जी को छोड़ विपक्ष ने नेताओं को पत्र लिख रहे हैं. राजभर जी और उनके लोगो को भी सिर्फ राहुल गांधी से उम्मीद है. राहुल जी लगातार OBC, EBC और दलितों की लड़ाई लड़ रहे है. रोजगार मिल नहीं रहा, ठेके पर लोगों को रख उनका शोषण किया जा रहा है. कांग्रेस ठेके पर होने वाली भर्तियों को रोकने के लिए लड़ेंगे लड़ाई. पिछड़ों और अति पिछड़ों को दिलाएंगे उनका हक.’

Prashant Rai is a seasoned journalist with over seven years of extensive experience in the media industry. Having honed his skills at some of the most respected news outlets, including ETV Bharat, Amar Ujala, a…और पढ़ें
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