बोर्ड परीक्षा में बायोलॉजी में चाहिए 100% मार्क्स? तो ऐसे करें पेपर सॉल्व, एक्सपर्ट ने बताये 4 अचूक फॉर्मूले

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बोर्ड परीक्षा में बायोलॉजी में चाहिए 100% मार्क्स? तो ऐसे करें पेपर सॉल्व, एक्सपर्ट ने बताये 4 अचूक फॉर्मूले


अलीगढ़: बोर्ड परीक्षा में बायोलॉजी जैसे सब्जेक्ट मे बेहतरीन अंक प्राप्त करने के लिए सिर्फ़ पढ़ना ही काफी नहीं है, बल्कि एक सटीक प्लान और उत्तरों को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करना बेहद ज़रूरी है. छात्रों की इसी चिंता को दूर करते हुए, अलीगढ़ ड्यूटी सोसाइटी कोचिंग के अनुभवी बायोलॉजी फैकल्टी डॉ. सौरभ कुमार सिंह ने कुछ ऐसे टिप्स और अचूक सुझाव दिए हैं जो किसी भी छात्र को 80 से 90 प्रतिशत स्कोर तक पहुंचा सकते हैं.

उन्होंने खास तौर पर बताया है कि NCERT की किताबों पर कैसे महारत हासिल करें, डायग्राम्स को कैसे इस्तेमाल करें, और 3 घंटे के पेपर में अपना टाइम कैसे समझदारी से मैनेज करें, ताकि हर जवाब असरदार और स्कोरिंग हो, तो आइए जानते हैं डॉ सौरभ कुमार से बायोलॉजी के टिप्स एंड ट्रिक्स.

बेहतर स्कोरिंग के लिए प्लानिंग जरूरी

जानकारी देते हुए बायोलॉजी फैकल्टी डॉ. सौरभ कुमार सिंह ने बताया कि बोर्ड परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों को बेहतर स्कोरिंग के लिए एक प्लान अपनाना चाहिए. सबसे पहले, उत्तर लिखते समय यह ध्यान रखना ज़रूरी है कि एक अंक वाले प्रश्नों का जवाब केवल एक शब्द या एक लाइन में ही दें और उन्हें अनावश्यक रूप से लंबा न करें, ताकि लॉन्ग क्वेश्चंस के लिए पर्याप्त समय बचे. डॉ सौरभ कहते हैं कि छात्रों को पैराग्राफ की जगह हमेशा पॉइंट वाइज और सब हेडिंगस का इस्तेमाल करना चाहिए, जिससे परीक्षक को उत्तर चेक करने में आसानी हो और जवाब नीट और क्लीन दिखें.

बायोलॉजी में डायग्राम-आधारित प्रश्न बहुत इंपॉर्टेंट

डॉ. सिंह के अनुसार, बायोलॉजी में डायग्राम-आधारित प्रश्न बहुत इंपॉर्टेंट और अत्यधिक स्कोरिंग होते हैं, इसलिए छात्रों को डायग्राम हमेशा पेंसिल से बनाना चाहिए और उनकी प्रॉपर लेबलिंग करनी चाहिए. विषय को आसान और स्कोरिंग बनाने के लिए, छात्रों को 11वीं और 12वीं की NCERT किताबों पर बहुत मेहनत करनी चाहिए और उसके बेसिक्स को क्लियर करना चाहिए. इसमें NCERT के टेक्स्ट के साथ-साथ डायग्राम्स और उसमें दिए गए बॉक्सेस पर विशेष ध्यान देना चाहिए, जो अक्सर नज़रअंदाज़ हो जाते हैं. इसके साथ ही, पिछले 10 से 15 साल के प्रीवियस ईयर क्वेश्चंस को हल करना भी बहुत ज़रूरी है, जिससे परीक्षा के पैटर्न का सही आईडिया लगता है और कुछ प्रश्न दोहराए भी जाते हैं.

टाइम मैनिजमेंट बहुत ज़रूरी

उन्होंने कहा कि परीक्षा हॉल में टाइम मैनिजमेंट बहुत ज़रूरी है. छात्रों को सबसे पहले शॉर्ट टाइप के क्वेश्चंस हल करने चाहिए और जो सवाल अच्छे से आते हों, उन्हें पहले निपटाना चाहिए. पहले ही लॉन्ग क्वेश्चंस में ज़्यादा समय लगाना या न आने वाले सवालों पर ज़्यादा देर सोचना, समय को बर्बाद करता है. उनका कहना है कि यदि छात्र इन सभी टिप्स खासकर NCERT को पूरा पढ़ने, उसके डायग्राम्स और बॉक्सेस को समझने, और पिछले साल के सवालों को बनाने को फॉलो करते हैं, तो एक सामान्य छात्र भी आराम से 80 से 90 प्रतिशत पेपर हल करके आ सकता है.



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