महाकुंभ भगदड़ के बाद रेलवे ने उठाया बड़ा कदम, प्रयागराज भेजी गई खाली ट्रेनें, टिकट का न लें झंझट

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महाकुंभ भगदड़ के बाद रेलवे ने उठाया बड़ा कदम, प्रयागराज भेजी गई खाली ट्रेनें, टिकट का न लें झंझट


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Mahakumbh Stampede Latest News: प्रयागराज में महाकुंभ के दौरान बुधवार सुबह-सुबह भगदड़ मच गई. इस भगदड़ के बाद रेलवे का बड़ा अपडेट आया है. रेलवे ने बताया है कि वह प्रयागराज के लिए खाली ट्रेन भेज रहे हैं ताकि स्टे…और पढ़ें

महाकुंभ मेले में भगदड़ के बाद आया रेलवे का बड़ा अपडेट

हाइलाइट्स

  • रेलवे ने प्रयागराज के लिए खाली ट्रेन भेजी.
  • अखाड़ा परिषद ने अमृत स्नान रद्द किया.
  • प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और मुस्तैद की.

नई दिल्ली. यूपी के प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ में बुधवार को मौनी अमावस्या स्नान को लेकर भीड़ अधिक होने से भगदड़ मच गई. इस भगदड़ में कई लोगों की मरने की आशंका जताई जा रही है और कई श्रद्धालु घायल हुए हैं. हालांकि प्रशासन ने घायलों की संख्या को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी है. बताया जा रहा है कि पुलिस और प्रशासन की मेहनत से हालात फिर से सामान्य है. वहीं रेलवे ने महाकुंभ भगदड़ के बाद बड़ा अपडेट दिया है. रेलवे ने कहा है कि हमने किसी ट्रेन के संचालन को नहीं रोका है.

महाकुंभ भगदड़ के बाद प्रशासन ने सुरक्षा की व्यवस्था और मुस्तैद कर रखी है. वहीं इस दौरान अखाड़ा परिषद ने अमृत स्नान को रद्द कर दिया है. रेलवे ने कहा है कि हमने किसी भी ट्रेन संचालन को रोका नहीं है. रेलवे ने कहा है कि प्रयागराज क्षेत्र में यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण हम खाली रेल भेजकर भीड़ को कम करने का प्रयास कर रहे हैं. इस समय हमारी प्राथमिकता स्टेशन क्षेत्र को खाली कराना है. रेलवे ने यात्रियों को प्रयागराज क्षेत्र से वापस लाने के लिए प्लानिंग की है, जिसके तहत 360 से अधिक गाड़ियों को प्रयागराज क्षेत्र के स्टेशनों से चलाने की योजना है.

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किसने रद्द किया स्नान
अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष रविंद्र पुरी ने कहा कि प्रयागराज में ऐसी घटना हो गई है, जिस कारण अखाड़ा परिषद ने आज यानी बुधवार का अमृत स्नान रद्द करने का फैसला लिया है. उन्होंने कहा कि अगला स्नान बसंत पंचमी को होगा. आज की घटना से वे काफी आहत हैं. उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की है कि जहां पर आसानी से व्यवस्था हो, वहीं स्नान कर लें. उन्होंने कहा कि अब वे बसंत पंचमी का स्नान करेंगे.

जहां है वहीं स्नान करें
उन्होंने कहा कि आज हम स्नान नहीं करेंगे. जब हम स्नान के लिए निकलते तो हजारों की संख्या में साधु संत भी मौजूद होते. भीड़ बहुत है, इस कारण लोग भी जुलूस देखने आ सकते हैं. कोई अप्रिय घटना न हो, इसे देखते हुए हम स्नान नहीं करेंगे. जहां पर प्रशासन कह रहे हैं, वहीं पर स्नान करें. किसी को परेशान होने की जरूरत नहीं है। संत महात्मा और सरकार सबके साथ हैं. उन्होंने कहा कि समय अधिक बीत गया है और दुखद घटना के कारण हमने अपना स्नान रद्द किया है. मेले में बहुत अच्छी व्यवस्था है लेकिन भावना के बादल में संख्या ज्यादा आ गई है. अपने स्तर पर प्रशासन ने अच्छी व्यवस्था की है.

साध्वी निरंजन ज्योति क्या बोलीं?
पूर्व केंद्रीय मंत्री और निरंजनी अखाड़े की महामंडलेश्वर साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि आज यहां अप्रिय घटना हो गई है. इस कारण अखाड़ा स्नान नहीं करेंगे. चूक के बारे में उन्होंने जानकारी देने से मना कर दिया है. घायलों को ईश्वर जल्द स्वस्थ करें. इस प्रकार की घटना में कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए. पुलिस प्रशासन ने अपनी व्यवस्था कर रखी है. इस संवेदनशील घटना पर राजनीति नहीं करना चाहिए. घटना क्यों हुई है, यह जांच का विषय है.

महाकुंभ का दूसरा अमृत स्नान आज
प्रयागराज में महाकुंभ का दूसरा अमृत स्नान आज जारी है. मौनी अमावस्या पर संगम में डुबकी लगाने के लिए भोर में अखाड़ों के साधु-संत संगम के लिए निकले थे. भगदड़ की घटना और संगम पर हालात बेकाबू होने के बाद प्रशासन ने अखाड़ों से अपील की कि स्नान के लिए न जाएं. इसके बाद अखाड़े के साधु-संत शिविर में लौट आए. यहां साधु-संतों ने बैठक की. तय हुआ कि अखाड़ों के साधु-संत मौनी अमावस्या पर स्नान नहीं करेंगे. अखाड़ों ने अमृत स्नान टाल दिया.

सुबह पांच बजे श्री महानिर्वाणी और अटल अखाड़ा को अमृत स्नान करना था. इसके बाद निरंजनी और आनंद अखाड़ा स्नान करते. फिर जूना, अग्नि, आवाहन और किन्नर अखाड़ा के स्नान का समय था. इनके बाद वैष्णव संप्रदाय के दिगंबर अनी, निर्मोही अनी और निर्वाणी अनी स्नान करते. अंत में निर्मल अखाड़ा को अमृत स्नान करना था.

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