60-90 क्विंटल पैदावार! 2-3 महीने में तैयार, खरबूजे की ये 5 किस्में बदल देंगी कमाई का पूरा खेल, बना देंगी मालामाल
Last Updated:
Hybrid Melon Varieties for Profit: गर्मियों में खरबूजे की मिठास सिर्फ स्वाद ही नहीं, बल्कि किसानों के लिए शानदार मुनाफा भी लाती है. फरवरी का यह महीना खरबूजे की अगेती खेती के लिए सबसे शानदार है. अगर आप भी कम लागत में लाखों का मुनाफा कमाना चाहते हैं, तो खरबूजे की इन हाइब्रिड किस्मों को अपनी लिस्ट में ज़रूर शामिल करना चाहिए. ये न केवल कम समय में तैयार होती हैं, बल्कि इनकी रिकॉर्ड पैदावार किसानों की आय को कई गुना बढ़ा सकती है. जानिए खबरबूजे की उन 5 टॉप किस्मों के बारे में जो इस सीजन में आपके खेतों को कमाई का जरिया बना सकती हैं.
किसान भाई मौसम के अनुसार कई तरह की फसलें उगाते हैं, जो किसानों के लिए अच्छी आमदनी का एक बड़ा जरिया बनती हैं. इन्हीं फसलों में से एक है खरबूजा, जिसकी गर्मियों के मौसम में बाजार में जबरदस्त मांग रहती है. यही वजह है कि इस फसल से किसानों को बहुत बेहतर दाम मिल जाते हैं. खास बात यह है कि अगर किसान पुरानी या पारंपरिक किस्मों के बजाय नई और हाइब्रिड किस्मों की खेती करते हैं, तो वे कम समय में कहीं ज्यादा उत्पादन ले सकते हैं. सही तकनीक और बेहतर किस्मों के सही चुनाव से खरबूजे की खेती के जरिए किसान भाई सिर्फ एक सीजन में लाखों रुपये का मुनाफा कमा सकते हैं.

जिला कृषि अधिकारी राजित राम ने लोकल 18 से बातचीत में बताया कि बाराबंकी में साग-सब्जियों और फल-फूल जैसी फसलों की खेती बड़े पैमाने पर की जाती है. वहीं कुछ फसलें ऐसी हैं जिन्हें अगर किसान सीजन के हिसाब से समय पर करें तो वे बहुत अधिक लाभ कमा सकते हैं. ऐसी ही एक मुनाफे वाली फसल है खरबूजा जिसकी अगेती खेती यानी समय से पहले बुवाई अगर आप फरवरी में करना चाहते हैं, तो कुछ खास किस्मों को चुन सकते हैं. इन उन्नत किस्मों की खेती करने से बहुत कम समय में अच्छी पैदावार के साथ-साथ आपको बाजार में बढ़िया मुनाफा भी देखने को मिलेगा.

खरबूजे की पूसा मधुरस किस्म के फल गोल और थोड़े चपटे होते हैं. इसके फल ऊपर से गहरे हरे रंग के दिखाई देते हैं और इस फल का अंदरूनी गूदा नारंगी रंग का होता. पूसा मधुरस किस्म के एक फल का औसत वजन लगभग 700 ग्राम तक होता है. इस किस्म के जरिए आप प्रति एकड़ 60 से 65 क्विंटल तक की पैदावार आसानी से ले सकते हैं.
Add News18 as
Preferred Source on Google

पंजाब संकर खरबूजे की इस किस्म के फल मध्यम आकार के और गोल होते हैं. इसके एक फल का वजन करीब 800 ग्राम तक होता है. इस किस्म के फलों का गूदा भी आकर्षक नारंगी रंग का होता है और ये फल खाने में बहुत मीठे, रसीले और स्वादिष्ट होते हैं. अगर पैदावार की बात करें तो प्रति एकड़ खेत से करीब 64 क्विंटल तक फल प्राप्त किए जा सकते हैं.

हिसार मधुर खरबूजे की अगेती किस्मों में से एक मानी जाती है. इसके फल गहरे लाल रंग के होते हैं और फलों के ऊपर सुंदर धारियां बनी होती हैं. इस किस्म के फलों का गूदा बहुत सुगंधित और नारंगी रंग का होता है. बुवाई के करीब 75 से 80 दिनों के बाद फलों की तुड़ाई शुरू की जा सकती है.

खरबूजे की पूसा शरबती एस-445 किस्म के फल गोल और मध्यम आकार के होते हैं. इस फसल के छिलके हल्के गुलाबी रंग के दिखाई देते हैं. वहीं, इसका गूदा काफी मोटा और नारंगी होता है जो खाने में बहुत पसंद किया जाता है. यह किस्म प्रति एकड़ लगभग 40 से 55 क्विंटल तक का उत्पादन देती है.

खरबूजे की आई.वी.एम.एम.3 किस्म के फल हल्के पीले रंग के होते हैं. इसका गूदा बहुत मीठा और नारंगी रंग का होता है. वहीं, इस किस्म के एक खरबूजे का औसत वजन करीब 500 से 600 ग्राम के आसपास रहता है. यह किस्म पैदावार के मामले में बहुत आगे है और प्रति एकड़ 80 से 90 क्विंटल तक पैदावार देती है. यह किस्म मात्र 60 से 70 दिनों में पककर तैयार हो जाती है.