अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के राइडिंग क्लब में लड़कियां भी सीख रही हैं हॉर्स राइडिंग, यहां के बग्गी की कहानी है इंट्रेस्टिंग

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अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के राइडिंग क्लब में लड़कियां भी सीख रही हैं हॉर्स राइडिंग, यहां के बग्गी की कहानी है इंट्रेस्टिंग


Agency:News18 Uttar Pradesh

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Aligarh news today in hindi: राइडिंग क्लब में ऐतिहासिक विशेष बग्गी भी है. इसमें अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह और सर सैयद दिवस के विशेष अतिथि बैठते हैं और एथलेटिक ग्राउंड कार्यक्रम में भाग लेते…और पढ़ें

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इस यूनिवर्सिटी के राइडिंग क्लब मे लड़कियां भी सीख रहीं हॉर्स राइडिंग

अलीगढ़: उत्तर प्रदेश के जनपद अलीगढ़ में स्थित अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी का राइडिंग क्लब विश्वविद्यालय के लिए विशिष्ट पहचान बन गया है. यह यूनिवर्सिटी गेम्स कमेटी के 15 विभिन्न क्लबों में से सबसे पुराना और हिंदुस्तान में दूसरा सबसे पुराना हॉर्स राइडिंग क्लब है. यहां 20 घोड़े हैं. 136 वर्ष पुराने अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के ऐतिहासिक मुस्लिम यूनिवर्सिटी राइडिंग क्लब की स्थापना अंग्रेजों के शासन में नवाब मुहम्मद इस्माइल खान शेरवानी ने 1889 में की थी. हिंदुस्तान के केंद्रीय विश्वविद्यालय में सिर्फ एएमयू में राइडिंग क्लब है जहां छात्र-छात्राएं शिक्षा के साथ हॉर्स राइडिंग करते हैं.

आपको बता दें कि राइडिंग क्लब में ऐतिहासिक विशेष बग्गी भी है. जिसमें विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह और सर सैयद दिवस के विशेष अतिथि बैठते हैं और एथलेटिक ग्राउंड कार्यक्रम में भाग लेते हैं. जो विश्वविद्यालय की महत्वपूर्ण परंपराओं में से एक है. इस बग्गी में भारत के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी और राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद भी बैठ चुके हैं.

जानकारी देते हुए एएमयू के राइडिंग क्लब के राइडिंग इंस्ट्रक्टर इमरान खान ने बताया विश्वविद्यालय के छात्र घुड़सवारी सीखने और प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए राइडिंग क्लब में शामिल होते हैं. एएमयू के राइडिंग क्लब ने टेंट-पैकिंग में काफी नाम कमाया है. यूनिवर्सिटी से हर साल लगभग 500 छात्र-छात्राएं क्लब की सदस्य बनने के लिए फॉर्म भरते हैं. लेकिन सिर्फ 150 अच्छे छात्रों को ही मौका मिलता है. छात्रों को सुबह-शाम घुड़सवारी की प्रैक्टिस कराई जाती है. इसके बाद वह राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में भाग लेकर विश्वविद्यालय का नाम रोशन करते रहते हैं.

इंस्ट्रक्टर इमरान खान ने कहा कि क्लब के कप्तान मोहम्मद उमर खान और के सदस्य चंद्रकांत सिंह ने हाल ही में गाजियाबाद में नेशनल क्वालीफाई किया है.अब वह जालंधर में होने वाली राष्ट्रीय चैंपियनशिप में हिस्सा लेंगे.दोनों ही सदस्यों के साथ क्लब के दूसरे सदस्यों को सुबह-शाम 2 से 3 घंटा ट्रेनिंग कराई जाती है. राइडिंग क्लब के राइडिंग इंस्ट्रक्टर इमरान खान ने बताया कि हमारा क्लब 1889 से स्थापित है. वर्तमान में 20 घोड़े हैं और वे सुबह में रोलिंग, लिंचिंग, खोइरा ब्रश, नल्हाना, घास आदि का अभ्यास करते हैं. वे प्रतिदिन अभ्यास भी करते हैं. राइडिंग क्लब के अंदर टेंट पैकिंग, शो जंपिंग, हैगिस जैसे खेल आयोजित किए जाते हैं. इन सभी घोड़ों को यहां प्रशिक्षित किया जाता है और यहां के लड़के चैंपियनशिप के लिए जाते हैं. एनआईसी जो राष्ट्रीय ध्वनिक चैंपियनशिप में सेना के साथ प्रतिस्पर्धा करती है.

यूनिवर्सिटी हॉर्स राइडिंग क्लब में यूनिवर्सिटी की छात्राएं भी बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रही हैं. उनका कहना है कि हम जब स्कूल में पढ़ते थे तो हमारा ख्वाब था कि जब हम यूनिवर्सिटी में आएंगे तो हम भी एक दिन इस ऐतिहासिक हॉर्स राइडिंग क्लब में हॉर्स राइडिंग सीखेंगे. हम अब क्लब के मेंबर बन गए हैं. सुबह शाम यहां पर प्रैक्टिस करने आते हैं.

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AMU के राइडिंग क्लब में लड़कियां भी सीखती हैं हॉर्स राइडिंग, बग्गी है स्पेशल



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