UP की सियासत में BJP का दांव! सोमेंद्र तोमर को प्रभार देकर साधा गुर्जर समीकरण

0
UP की सियासत में BJP का दांव! सोमेंद्र तोमर को प्रभार देकर साधा गुर्जर समीकरण


Last Updated:

Meerut News: यूपी सरकार की ओर से कैबिनेट विस्तार के बाद से प्रदेश में सियासी हलचल तेज हो गई है. इसमें उत्तर प्रदेश के ऊर्जा राज्य मंत्री सोमेंद्र तोमर को प्रमोट करते हुए अब स्वतंत्र प्रभार का दायित्व दिया गया है. आज मेरठ में जहां खुशी की लहर है, वहीं राजनीतिक मायने में इस निर्णय को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है. 

मेरठ: उत्तर प्रदेश में साल 2027 विधानसभा चुनाव से पहले ही उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से मंत्रिमंडल में विस्तार कर दिया गया है, जिसमें कुल 8 मंत्रियों को शपथ दिलाई गई है. इसमें सबसे ज्यादा चर्चा का केंद्र मेरठ में वर्तमान समय में ऊर्जा राज्य मंत्री का दायित्व संभाल रहे सोमेंद्र तोमर बने हुए हैं, जिन्हें सरकार की ओर से अब स्वतंत्र प्रभार का दायित्व सौंपा गया है. इन्हीं बातों को ध्यान रखते हुए लोकल 18 की टीम ने वरिष्ठ पत्रकार शादाब रिजवी से खास बातचीत की.

पश्चिम की राजनीति में दिखेगा असर
वरिष्ठ पत्रकार शादाब रिजवी के अनुसार, जिस तरह से उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से 8 नए मंत्रियों में दो पुराने चेहरे भी शामिल हुए, जिसमें जाट चेहरा के तौर पर अपनी विशेष पहचान रखने वाले पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी को कैबिनेट मंत्री बनाया, उसका कहीं ना कहीं जाट राजनीति को भी साधने के लिए भारतीय जनता पार्टी ने बेहतर रणनीति का उपयोग किया है.

इसी के साथ ही ऊर्जा राज्य मंत्री सोमेंद्र तोमर को ही राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार का दायित्व देकर गुर्जर समाज को भी यह विश्वास दिलाया कि भारतीय जनता पार्टी गुर्जर समाज के साथ है, जिससे कहीं ना कहीं बेस्ट यूपी की राजनीति में इसका बड़ा असर देखने को मिलेगा. उन्होंने कहा कि यह भारतीय जनता पार्टी की राजनीतिक इंजीनियरिंग की कहीं जा सकती है. उन्होंने पुराने चेहरे पर ही दाव खेलते हुए जहां गुर्जर समाज की नाराजगी दूर की है, वहीं एक जो नया पद मंत्री पद का देना पड़ता, उसमें भी विराम लगा दिया है.

अच्छी पकड़ के लिए जाने जाते हैं सोमेंद्र तोमर 
उन्होंने बताया कि डा.सोमेंद्र तोमर ने अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के माध्यम से अपने करियर की शुरुआत की थी. चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में छात्र संघ अध्यक्ष के पद पर भी उन्होंने कार्य किया है. छात्र नर्सरी के गुण सीखकर अपनी विशेष पहचान के लिए वह जाने जाते हैं. यही कारण है कि उन्हें भारतीय जनता पार्टी का यूपी नेतृत्व भी काफी पसंद करता है.

मेरठ में जश्न का माहौल
उन्होंने कहा कि साल 2012 में उनकी छवि को देखकर ही टिकट मिला था, लेकिन किसी कारण उनका टिकट को काट दिया गया था. उन्होंने धैर्य बनाए रखा और संगठन के प्रति लगातार कार्य करते रहे. इसके बाद साल 2017 में उन्हें दक्षिण विधानसभा से टिकट दिया गया और वह जीतकर आए. इसके बाद साल 2022 में भी उन्होंने लगभग 8000 वोटों से विजय हासिल की, जिसके बाद सरकार की ओर से उन्हें ऊर्जा राज्य मंत्री का दायित्व सौपा गया. ऐसे में निश्चित तौर पर यह रणनीति भाजपा के लिए काफी काम आएगी. बताते चलें कि डॉक्टर सोमेंद्र तोमर के स्वतंत्र प्रभार मंत्री बनने के बाद मेरठ में जश्न का माहौल देखने को मिल रहा है.

About the Author

आर्यन सेठ

आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए.



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *