Diwali 2025: दिवाली पर धुआं और चिंगारी से आंखों को बचाना है जरूरी, डॉक्टर मनीषा सिंह से जानें क्या-क्या रखें सावधानी?

0
Diwali 2025: दिवाली पर धुआं और चिंगारी से आंखों को बचाना है जरूरी, डॉक्टर मनीषा सिंह से जानें क्या-क्या रखें सावधानी?


Last Updated:

Diwali 2025: दिवाली की रोशनी में जरा सी लापरवाही आंखों की रौशनी छीन सकती है. नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ मनीष सिंह ने पटाखे जलाते समय आंखों की सुरक्षा के लिए जरूरी सावधानियां बताईं. उन्होंने सेफ्टी ग्लास पहनने, दूरी बनाकर पटाखा जलाने और चोट लगने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने की सलाह दी है. त्योहार की खुशियां तभी पूरी होती हैं जब सुरक्षा साथ हो…

जौनपुर: दिवाली खुशियों, रोशनी और उमंगों का त्योहार है, लेकिन यही रोशनी अगर सावधानी न बरती जाए तो अंधकार में भी बदल सकती है. नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीषा सिंह ने बताया कि हर साल दिवाली के दौरान पटाखों से झुलसने और आंखों में चोट लगने के कई मामले सामने आते हैं. थोड़ी सी लापरवाही आपकी आंखों की रोशनी तक छीन सकती है. इसलिए पटाखा जलाते वक्त आंखों की सुरक्षा सबसे जरूरी है.

नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीषा सिंह ने बताया कि पटाखों में प्रयुक्त बारूद और रासायनिक पदार्थ आंखों के लिए अत्यंत हानिकारक होते हैं. फुलझड़ी, बम, रॉकेट, अनार जैसे पटाखे जलाते समय अगर चिंगारी सीधे आंखों में चली जाए तो कॉर्निया जल सकता है. इससे व्यक्ति की आंखों की रोशनी स्थायी रूप से प्रभावित हो सकती है. कई बार लोग यह सोचकर पटाखा पास से जलाते हैं कि जल्दी फूट जाएगा, लेकिन यही जल्दबाजी गंभीर हादसे का कारण बन जाती है.

उन्होंने बताया कि पटाखा जलाते समय कम से कम 10 से 15 फीट की दूरी बनाए रखें और कभी भी झुककर या सीधे आंखों के सामने पटाखा न जलाएं. बच्चों को पटाखा जलाने के दौरान वयस्कों की निगरानी में रखना चाहिए. खासतौर पर छोटे बच्चे रॉकेट या बम जैसे खतरनाक पटाखे न जलाएं. डॉ. सिंह ने बताया कि आंखों में किसी भी तरह की जलन, पानी आना या जलने की स्थिति में तुरंत ठंडे पानी से आंखें धोएं और कभी भी हाथ या रूमाल से आंखें न रगड़ें.

अगर स्थिति गंभीर लगे तो तुरंत नजदीकी नेत्र चिकित्सक से संपर्क करें. उन्होंने यह भी सलाह दी कि ऐसी स्थिति में कोई घरेलू उपाय या आंखों में ड्रॉप डालने से बचें, क्योंकि इससे संक्रमण और बढ़ सकता है. आजकल बाजार में सेफ्टी ग्लासेस या गॉगल्स उपलब्ध हैं, जिन्हें पहनकर पटाखा जलाना काफी सुरक्षित रहता है. ये आंखों को उड़ती चिंगारी और धुएं से बचाते हैं. साथ ही, बच्चों को हमेशा खुले मैदान या घर से दूर सुरक्षित स्थान पर पटाखा जलाने की सलाह दें.

डॉ. मनीषा सिंह ने बताया कि पटाखों का धुआं भी आंखों के लिए खतरनाक होता है. यह न केवल एलर्जी और जलन बढ़ाता है बल्कि सांस की समस्या वाले लोगों के लिए भी हानिकारक होता है. इसलिए दिवाली के दौरान ज्यादा देर तक धुएं वाले इलाकों में न रहें और कृत्रिम आंसू (आई ड्रॉप्स) का इस्तेमाल करें ताकि आंखें नम रहें.

उन्होंने अंत में कहा, ‘त्योहार की खुशी तभी पूरी होती है जब सुरक्षा के साथ मनाया जाए। आपकी आंखें दुनिया की सबसे बड़ी रोशनी हैं, इन्हें बचाना आपकी जिम्मेदारी है.’ इसलिए इस दिवाली जब भी आप पटाखा जलाएं, सुरक्षा का ध्यान रखें. खुशियां फैलाएं, पर ऐसी गलती न करें जिससे जिंदगी भर का अंधेरा छा जाए.

Rahul Goel

मैं राहुल गोयल न्यूज़ 18 हिंदी में हाइपरलोकल (यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश) के लिए काम कर रहा हूं. मुझे हिंदी मीडिया में 16 साल से ज्यादा का अनुभव है. मैंने प्रिंट में रिपोर्टिंग से लेकर डिजिटल मीड…और पढ़ें

मैं राहुल गोयल न्यूज़ 18 हिंदी में हाइपरलोकल (यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश) के लिए काम कर रहा हूं. मुझे हिंदी मीडिया में 16 साल से ज्यादा का अनुभव है. मैंने प्रिंट में रिपोर्टिंग से लेकर डिजिटल मीड… और पढ़ें

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homelifestyle

धुआं और चिंगारी से आंखों को बचाना है जरूरी, जानें क्या-क्या रखें सावधानी?



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *