जल्दी-जल्दी करानी पड़ रही बाइक की सर्विस? कोई नहीं बताएगा ये बात, ये 8 गलतियां हमेशा भारी
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Bike Service Tips : गांव हो या शहर आजकल कम ही घर होंगे, जिनके यहां बाइक न हो. अक्सर कुछ हजार किलोमीटर चलने के बाद हमें अपनी बाइक की सर्विस करानी पड़ती है. कुछ लोग टाइम मानक के अनुसार सर्विस करवाते हैं, लेकिन कुछ लोग सर्विस करवाते समय ध्यान नहीं देते जिससे उन्हें नुकसान भी उठाना पड़ता है. आज हम आपको बाइक सर्विस कराने का बेस्ट तरीका बताएंगे. इस बारे में लोकल 18 ने सुल्तानपुर के बाइक मैकेनिक राजू कुमार यादव से बात की. वे बताते हैं कि संभव हो तो कंपनी के ऑथराइज्ड सेंटर पर ही बाइक सर्विस कराएं, लेकिन ऐसा क्यों, आइये जानते हैं.
सुल्तानपुर के बाइक मैकेनिक राजू कुमार यादव लोकल 18 से बताते हैं कि बाइक सर्विस कराने के लिए हमेशा ऐसे सेंटर का चुनाव करें जो भरोसेमंद और अनुभवी सर्विस देता हो. यदि संभव हो तो कंपनी के ऑथराइज्ड सर्विस सेंटर पर ही बाइक सर्विस कराएं, क्योंकि वहां प्रशिक्षित मैकेनिक और सही उपकरण उपलब्ध होते हैं. सर्विस सेंटर का चुनाव करते समय उसकी रेटिंग और काम की क्वालिटी को जरूर चेक कर लें.

जब आप बाइक सर्विस के लिए गैराज या सर्विस सेंटर पर जाएं तो उस समय मैकेनिक को बाइक में आ रही हर छोटी-बड़ी समस्या के बारे में बताएं. इन समस्याओं में बाइक से अजीब आवाज आना, ब्रेक कमजोर होना, माइलेज कम होना या स्टार्ट में दिक्कत होना आदि शामिल हैं. इससे मैकेनिक को सही समस्या समझने में आसानी होगी और वह उसी हिसाब से काम करेगा.

राजू कुमार यादव के मुताबिक, किसी भी बाइक का इंजन उसकी जान होता है. जब भी आप अपने बाइक की सर्विस कराएं उसका इंजन मिल जरूर चेक करवाए. सर्विस करवाने के बाद इंजन ऑयल जरूर बदलवा दें. इस बात का ध्यान रखें कि जो भी इंजन ऑयल बाइक में डालें वह अच्छी क्वालिटी का हो. खराब क्वालिटी का ऑयल आपके इंजन को नुकसान पहुंचाएगा.
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सर्विस के दौरान अगर कोई पार्ट बदलना पड़े तो हमेशा ओरिजिनल स्पेयर पार्ट्स का ही इस्तेमाल करवाएं. सस्ते या नकली पार्ट्स शुरुआत में रुपये बचा सकते हैं, लेकिन वे जल्दी खराब हो जाते हैं और बाइक के अन्य हिस्सों को भी नुकसान पहुंचा सकते हैं. ओरिजिनल पार्ट्स टिकाऊ होते हैं और इससे बाइक की परफॉर्मेंस बनी रहती है.

सर्विस के दौरान बाइक के ब्रेक और टायर का विशेष रूप से जांच करवाना चाहिए क्योंकि बाइक की सुरक्षा के लिए दोनों सबसे महत्त्वपूर्ण होते हैं. सर्विस के दौरान ब्रेक पैड, ब्रेक ऑयल और डिस्क/ड्रम की स्थिति की जांच जरूर करवाएं. अगर ब्रेक कमजोर लग रहे हैं तो तुरंत ठीक करवाएं. इसी तरह टायर की ग्रिप, हवा का दबाव और घिसावट भी चेक करें.

आजकल अधिकांश बाइक में सेल्फ स्टार्ट की व्यवस्था आ गई है. सेल्फ स्टार्टिंग में बैटरी का अधिक रोल होता है इसलिए बाइक की बैटरी और इलेक्ट्रिकल सिस्टम भी सर्विस के दौरान अच्छी तरह चेक करवा लें. बैटरी की चार्जिंग, वायरिंग, हेडलाइट, इंडिकेटर और हॉर्न का सही काम करना जरूरी है. कमजोर बैटरी के कारण बाइक स्टार्ट होने में दिक्कत आ सकती है.

राजू कुमार बताते हैं कि सर्विस के बाद बाइक को लेने से पहले एक छोटी टेस्ट राइड जरूर करें. इससे आपको पता चल जाएगा कि बाइक सही तरीके से काम कर रही है या नहीं. अगर कोई आवाज, वाइब्रेशन या अन्य समस्या महसूस हो, तो तुरंत मैकेनिक को बताएं और उसी समय ठीक करवाएं.

बिना टेस्ट राइड के बाइक ले जाने पर बाद में समस्या आने पर आपको फिर से सर्विस सेंटर जाना पड़ सकता है, जिससे समय और पैसा दोनों बर्बाद होते हैं. जब भी बाइक की सर्विस कराएं चैन कवर और चैन स्पाकेट पूरी तरीके से सही होना चाहिए. कवर में हल्का सा दबाव चैन को धीरे-धीरे रगड़ कर काट सकता है. इससे खराबी जल्दी आएगी.