पहचान गुप्त, काम पुख्ता! गाजियाबाद के ट्रांस हिंडन में हर दिन बढ़ रही ‘बिजली मित्रों’ की फौज, ऐसे रुक रही चोरी
Ghaziabad News: बिजली चोरी को जड़ से खत्म करने के लिए विद्युत विभाग ने अब आम जनता को अपना ‘हथियार’ बना लिया है. ट्रांस हिंडन इलाके में ‘बिजली मित्र’ योजना को जबरदस्त रिस्पॉन्स मिल रहा है. रोजाना करीब 5 से 6 जागरूक नागरिक इस मुहिम से जुड़कर विभाग की मदद कर रहे हैं. इस पहल का असर यह है कि पिछले एक हफ्ते में ही दर्जनों चोरी के मामले पकड़े गए हैं, जिससे विभाग को होने वाले राजस्व नुकसान में कमी आई है.
हर दिन जुड़ रहे हैं नए ‘बिजली मित्र’
शहर में बिजली चोरी पर अंकुश लगाने के लिए विभाग एक बार फिर ‘बिजली मित्र’ योजना पर जोर दे रहा है. आंकड़ों की बात करें तो ट्रांस हिंडन में हर दिन 5 से 6 लोग ‘बिजली मित्र’ बन रहे हैं. बीते एक हफ्ते में 25 लोगों ने आगे आकर सूचना दी, जिसकी मदद से विभाग ने 6-7 बड़े बिजली चोरी के मामले पकड़े. साल 2025 में भी करीब 175 लोगों ने इस योजना के तहत विभाग का सहयोग किया था, जिससे लाखों रुपये की बिजली चोरी रोकी जा सकी.
इन इलाकों से आ रही हैं सबसे ज्यादा शिकायतें
विभाग के अनुसार, ट्रांस हिंडन के कुछ खास इलाके बिजली चोरी के हॉटस्पॉट बने हुए हैं. इनमें प्रमुख रूप से मकनपुर, कनावनी और करहेड़ा शामिल हैं. इन क्षेत्रों में अवैध कनेक्शन, मीटर से छेड़छाड़ और सीधे लाइन से बिजली खींचने (कटिया डालना) जैसे मामले सबसे ज्यादा मिल रहे हैं. विभाग ने इन इलाकों को ‘संवेदनशील’ घोषित करते हुए विशेष निगरानी शुरू कर दी है.
कैसे बनें ‘बिजली मित्र’?
बिजली निगम की टीम के अनुसार, इस योजना से जुड़ना बेहद सरल और सुरक्षित है:
2. वहां आप बिना अपना नाम या मोबाइल नंबर बताए बिजली चोरी की सूचना दे सकते हैं.
3. विभाग शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गुप्त रखता है ताकि उसे किसी भी प्रकार के दबाव या परेशानी का सामना न करना पड़े.
4. सूचना मिलने पर टीम मौके पर जांच करती है और पुष्टि होने पर संबंधित व्यक्ति या संस्थान के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाती है.