गाजीपुर कांड : ‘हम न होते तो इंसाफ नहीं मिलता’, सपा का दावा, पीड़ितों से फिर मिलेगी पार्टी

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गाजीपुर कांड : ‘हम न होते तो इंसाफ नहीं मिलता’, सपा का दावा, पीड़ितों से फिर मिलेगी पार्टी


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Ghazipur Kataria News : कटारिया गांव में हुए बवाल पर राजनीति थमने का नाम नहीं ले रही. एक बार फिर सपा का प्रतिनिधिमंडल जाकर पीड़ित परिवार से मुलाकात करेगा. अखिलेश यादव ने भी कहा है कि वह 29 अप्रैल को कटारिया गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात करेंगे. सपा नेता ओमप्रकाश सिंह का कहना है कि पीड़ित परिवार को इंसाफ मिल रहा है तो केवल समाजवादी पार्टी की वजह से. अगर समाजवादी पार्टी आवाज नहीं उठाती तो पीड़ित परिवार को इंसाफ नहीं मिल पाता.

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अखिलेश यादव 29 अप्रैल को कटारिया गांव जाएंगे.

गाजीपुर. यूपी स्थित गाजीपुर के कटारिया गांव में हुए बवाल पर राजनीति थमने का नाम नहीं ले रही. एक बार फिर समाजवादी पार्टी का प्रतिनिधिमंडल जाकर पीड़ित परिवार से मुलाकात करेगा और पांच लाख रुपये का मदद पीड़ित परिवार को देगा. समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व मंत्री राम आश्रय विश्वकर्मा के नेतृत्व में 4 लोग गाजीपुर जाएंगे और पीड़ित परिवार से मुलाकात करेंगे. दूसरी तरफ गाजीपुर जिले के डीएम ने कटारिया गांव में 30 अप्रैल तक बीएनएस की धारा 163 लागू कर दी है. यानी कटारिया गांव में किसी भी समूह, प्रतिनिधि मंडल के जाने पर प्रतिबंध है. कटारिया गांव में हुए बवाल का एक वीडियो सामने आया है. इसमें उपद्रवी पुलिस पर पथराव करते दिख रहे हैं. एक पत्थर सीधा पुलिसवाले के सिर पर लगता है. वह वहीं गिर जाता है.

सरकार पहुंचा चुकी है मदद
बीजेपी ने गाजीपुर के कटारिया गांव में एक बार फिर समाजवादी पार्टी के द्वारा डेलिगेशन भेजने पर आपत्ति जताई है और कहा है कि कानून को अपना काम करने देना चाहिए. इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए. 2 दिन पहले ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने पीड़ित परिवार से जाकर मुलाकात की थी और उन्हें ₹5 लाख रुपये की आर्थिक मदद के साथ पट्टे पर डेढ़ बीघा जमीन जमीन भी दी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा लिखी गई एक चिट्ठी भी पीड़ित परिवार को सौंपी. राजभर ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव जाति के नाम पर राजनीति कर रहे हैं.

क्या है पूरा मामला
कटारिया गांव में कुछ दिन पहले विश्वकर्मा समाज की एक लड़की से कथित तौर पर दुष्कर्म और हत्या का मामला सामने आया था. राज्य के मुख्य विपक्षी दल समाजवादी पार्टी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि वह 29 अप्रैल को कटारिया गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात करेंगे. इससे पहले सपा का एक प्रतिनिधिमंडल कटारिया गांव गया था, जहां पथराव की घटनाएं सामने आईं थी. सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के अपने-अपने दावे हैं.

सत्ता पक्ष समाजवादी पार्टी पर जाति के नाम पर राजनीति करने का आरोप लगा रही है और लॉयन ऑर्डर खराब करने की बात कह रही है. सपा नेता ओमप्रकाश सिंह का कहना है कि पीड़ित परिवार को इंसाफ मिल रहा है तो केवल समाजवादी पार्टी की वजह से. अगर समाजवादी पार्टी आवाज नहीं उठाती तो पीड़ित परिवार को इंसाफ नहीं मिल पाता. उधर, बवाल से जुड़ी सोशल मीडिया पर भ्रामक खबर चलाने वाले तीन अकाउंट के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.

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Priyanshu Gupta

प्रियांशु गुप्‍ता बीते 10 साल से भी ज्यादा समय से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. 2015 में भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से जर्नलिज्म का ककहरा सीख अमर उजाला (प्रिंट, नोएडा ऑफिस) से अपने करियर की शुरुआत की. य…और पढ़ें



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