अयोध्या का ये खास यंत्र… तोड़ देगा छांगुर बाबा का तिलिस्म! 25 लाख परिवारों के साथ होगी शुरुआत
Last Updated:
रामनवमी से पूर्व 21 लाख राम भक्तों तक रामरक्षा यंत्र पहुंचाने की तैयारी में है. गौरतलब है की समिति यह यंत्र उन लोगों तक पहुंचाएगी, जो समिति की आधिकारिक वेबसाइट पर आवेदन कर रहे हैं. इस पहल का उद्देश्य धर्मांतरण …और पढ़ें
फिलहाल 250 वैदिक आचार्य लगातार रामरक्षा स्तोत्र का पाठ कर रहे हैं. अब तक 5100 बार रामरक्षा स्तोत्र और श्रीराम महामंत्र का सवा लाख जप हो चुका है. इस यंत्र को व्यक्तिगत नाम और गोत्र के आधार पर अभिमंत्रित किया जा रहा है, ताकि इसका प्रभाव हर श्रद्धालु तक विशेष रूप से पहुंचे.
आचार्य राजानंद शास्त्री का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य हिंदुओं को रामभक्ति से जोड़ना है, ताकि बढ़ते धर्मांतरण को रोका जा सके. उनका मानना है कि जहां राम होते हैं, वहां हनुमान भी रहते हैं और भगवान राम सभी संकटों का हरण करते हैं. रामरक्षा यंत्र को प्राप्त करने के लिए इच्छुक श्रद्धालुओं से संस्था द्वारा आवेदन मांगे जा रहे हैं. नाम और गोत्र की जानकारी देकर कोई भी भक्त इस यंत्र के लिए आवेदन कर सकता है.
क्या है इस पहल का उद्देश्य?
आचार्य राजानंद शास्त्री के अनुसार, यह यंत्र समस्त समस्याओं को दूर कर सकता है और भगवान राम के भक्तों को उनकी कृपा प्राप्त करने में मदद कर सकता है. इसका उद्देश्य यह है कि पूरे देश के राम भक्त सनातन धर्म को जान सकें. हर घर में राम जी की पूजा और आराधना हो. इसी उद्देश्य के साथ संस्था पहले चरण में 25 लाख घरों में रामरक्षा यंत्र पहुंचाने का कार्य करेगी.