आम में फल आने पर पेड़ के पत्ते मुड़कर लगे है सूखने, तो बागवान करे यह काम

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आम में फल आने पर पेड़ के पत्ते मुड़कर लगे है सूखने, तो बागवान करे यह काम


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हॉपर और स्केल इंसेक्ट से आम के पत्ते मुड़कर सूख रहे, ये है आसान उपाय

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Agriculture Tips: सहारनपुर जनपद के आम बागानों में इन दिनों आम के पत्तों के मुड़ने और सूखने की समस्या तेजी से बढ़ रही है, जिससे फल उत्पादन पर भी असर पड़ रहा है. कृषि विशेषज्ञों के अनुसार इसका मुख्य कारण हॉपर और स्केल इंसेक्ट जैसे कीट हैं, जो नई पत्तियों का रस चूस लेते हैं. इससे पत्तियों में भोजन बनना रुक जाता है और वे धीरे-धीरे सिकुड़कर सूखने लगती हैं. कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. आई.के कुशवाहा ने बताया कि इन कीटों के नियंत्रण के लिए इमिडाक्लोप्रिड और थायमेथोक्सम जैसे सिस्टमिक कीटनाशकों का प्रयोग 10 लीटर पानी में 25 मि.ली. मिलाकर छिड़काव करने से समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है.

सहारनपुर. सहारनपुर जनपद जिसको मैंगो बेल्ट के नाम से जाना जाता है, यहां के किसान सैकड़ों प्रकार के आम के वैरायटी को लगाते हैं. आम के पेड़ों पर फल भी आ चुका है.  जैसे-जैसे फल बड़ा हो रहा है वैसे-वैसे कुछ आम के पेड़ों में पत्ते मुड़ने और मुड़कर सूखने जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ रही है जो की आम के पेड़ को तेजी से सूखा देती है और उस पर आने वाले उत्पादन को भी प्रभावित करती है. यह समस्या तब ज्यादा देखने में आती है जब आम के पेड़ों पर फल आ जाता है और आम के पत्तों पर कुछ कीट तेजी से पत्तों का रस चूसना शुरू कर देते हैं जिसमें सबसे मुख्य कीट होता है हॉपर और स्किल इंसेक्ट. यह दोनों कीट आम की नई पत्तियों पर तेजी से आकर्षित होते हैं और उनको अपनी जद में लेकर के उन पत्तियां का रस चूस लेते है जिससे उनमें भोजन नहीं बन पाने के कारण वह धीरे-धीरे मुड़ने लगती है और मुड़कर सूखने लगती है. जिस पेड़ पर बनने वाले फल पर भी इसका सीधा प्रभाव पड़ता है. क्योंकि पत्तों से ही पेड़ को भोजन मिलता है और जब पेड़ को भोजन नहीं मिलेगा तो उस पर आने वाला फल भी छोटा रह जाता है या फिर सिकुड़ कर, सुख कर जल्दी टूट कर गिरने लगता है. इन समस्याओं से किसान अपने आम के पेड़ों पर आ रहे पत्तों व फलों को कैसे बचा सकते हैं उसको लेकर कृषि एक्सपर्ट पूरी जानकारी दे रहे हैं.

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Monali Paul

नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…और पढ़ें



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