Bihar teacher Bharti: बिहार में टीचर बनने के लिए लगेंगे कौन-कौन से डॉक्यूमेंट्स, कैसे बनता है डोमिसाइल?
domicile policy in Bihar teacher recruitment: डोमिसाइल नीति फिर से क्यों आई?
पिछले कुछ दिनों से बिहार के शिक्षक अभ्यर्थियों में डोमिसाइल नीति की मांग जोर पकड़ रही थी.इसी बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस संबंध में ऐलान किया कि शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में अब बिहार के निवासियों को प्राथमिकता दी जाएगी और ये बदलाव TRE-4 से लागू होगा. शिक्षा विभाग को नियमों में संशोधन करने के निर्देश दिए गए हैं.ये कदम स्थानीय युवाओं को मौका देने के लिए उठाया गया है.इससे पहले 2020 में डोमिसाइल पॉलिसी लागू थी, लेकिन 2023 में इसे हटाकर पूरे देश के उम्मीदवारों को मौका दिया गया था.अब फिर से स्थानीय दबाव और चुनावी साल को देखते हुए ये फैसला लिया गया है.
Nitish domicile rule: अब तक की क्या होती थी प्रक्रिया?
Teacher Bharti Documents list: कौन-कौन से डॉक्यूमेंट्स लगेंगे?
नई डोमिसाइल नीति के तहत बिहार का डोमिसाइल सर्टिफिकेट सबसे जरूरी होगा जो पिछले 3 साल से राज्य में रहने, प्रॉपर्टी होने या स्थानीय विवाह पर मिलता है.इसके अलावा ये डॉक्यूमेंट्स चाहिए-
शैक्षिक योग्यता: 10वीं, 12वीं, ग्रेजुएशन और बीएड/बीटीसी सर्टिफिकेट.
पहचान प्रमाण: आधार कार्ड, वोटर आईडी या राशन कार्ड.
निवास प्रमाण: बिजली बिल, पानी बिल या टेलीफोन बिल.
कास्ट सर्टिफिकेट: अगर आरक्षण लेना हो.
CTET/BTET सर्टिफिकेट: शिक्षक पात्रता प्रमाण.
फोटो और सिग्नेचर: पासपोर्ट साइज फोटो और हस्ताक्षर.
अन्य: अगर दिव्यांग हैं तो दिव्यांगता प्रमाण पत्र.
डोमिसाइल सर्टिफिकेट के लिए बिहार सरकार की वेबसाइट पर अप्लाई करना होगा और ओरिजिनल डॉक्यूमेंट्स वेरिफिकेशन के लिए जमा करने होंगे.
क्या है खास और आगे क्या?
कब-कब क्या बदला?
2020: डोमिसाइल जरूरी था
दिसंबर 2020 में बिहार सरकार ने ऐसा नियम बनाया कि सिर्फ बिहार निवासी (डोमिसाइल) ही सरकारी स्कूलों में शिक्षिका/शिक्षक भर्ती में आवेदन कर सकते हैं.यह निर्णय 2012 की पहले की नीति को उलटने जैसा था जिसके तहत पूरा देश के उम्मीदवार आवेदन कर सकते थे.
2023: डोमिसाइल जरूरी नहीं
2025 में फिर से बदलाव: डोमिसाइल लागू
जुलाई 2025 में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने घोषणा की कि TRE‑4.0 भर्ती प्रक्रिया में महिलाओं को 35% कोटा के लिए केवल बिहार निवासी महिलाएं ही पात्र होंगी यानी इस कोटे में डोमिसाइल अनिवार्य होगा.बाकी सामान्य श्रेणियों पर अभी भी पहले की तरह देश भर से आवेदन का अधिकार मौजूद है. सरकार का कहना है कि लगभग 80% चुने गए अभ्यर्थी बिहार से ही आते हैं जबकि बाहर से लगभग 20‑22% होते हैं.अब एक बार फिर सीएम नीतीश कुमार ने सभी के लिए डोमिसाइल अनविार्य करने की घोषणा की है.