UPSC की परीक्षा नहीं निकाल पाया तो जुगाड़ से बनने निकला IAS, ठगों ने 38 लाख लेकर पकड़ाया ‘ज्वाइनिंग लैटर’

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UPSC की परीक्षा नहीं निकाल पाया तो जुगाड़ से बनने निकला IAS, ठगों ने 38 लाख लेकर पकड़ाया ‘ज्वाइनिंग लैटर’


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Sultanpur news in hindi : आरोपियों ने फर्जी एडमिट कार्ड, नकली नियुक्ति पत्र और भारत सरकार की मुहर लगाकर चपत लगाई. मामला लक्ष्मणपुर कॉलोनी का है. पिता-पुत्र समेत सात के खिलाफ केस दर्ज.

सांकेतिक फोटो.

हाइलाइट्स

  • युवक को IAS बनाने के नाम पर 38 लाख की ठगी.
  • पिता-पुत्र समेत सात लोगों पर केस दर्ज.
  • फर्जी एडमिट कार्ड और नियुक्ति पत्र से लगाई चपत.

सुल्तानपुर. यूपी के सल्तानपुर से ठगी का अनोखा केस सामने आया है. यहां एक युवक को आईएएस अधिकारी बनाने का झांसा देकर वकील, उसके बेटे और 5 लोगों ने 38 लाख रुपये ठग लिए. आरोपियों ने फर्जी एडमिट कार्ड, नकली नियुक्ति पत्र और भारत सरकार की मुहर लगाकर चूना लगाया. पूरा मामला नगर कोतवाली क्षेत्र के लक्ष्मणपुर कॉलोनी का है. पुलिस ने पिता-पुत्र समेत सात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है. पीड़ित प्रांजल त्रिपाठी ने बताया कि उसने 2022 में यूपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा दी थी. इस दौरान उसकी मुलाकात अधिवक्ता बजरंग द्विवेदी के बेटे प्रणव द्विवेदी से हुई. वो कूरेभार के पिपरी साईं नाथपुर का रहने वाला है.

ऐसे लगाई चपत
मुलाकात के बाद प्रणव उसके घर आने-जाने लगा. प्रणव ने दावा किया कि उसके कई केंद्रीय मंत्रियों से संबंध हैं. वह कई लोगों को आईएएस-पीसीएस बनवा चुका है. अपने बेटे को IAS बनते देखने का सपना पाले बैठा परिवार उसके झांसे में आ गया. प्रणव ने 18 जनवरी 2023 को लखनऊ में प्रांजल को यूपीएससी मेन्स और इंटरव्यू का एडमिट कार्ड दिया और अलग-अलग बैंक खातों में पैसे मंगवाए. उसने अपने पिता के खातों में 26.50 लाख, पड़ोसी मनीष दूबे के खाते में 7 लाख, मित्र श्रेयांश अग्रहरि के खाते में 80 हजार और दीपक पटेल की दुकान पर 2 लाख रुपये मंगवाए. 10,500 रुपयों की चपत गूगल पे के जरिये लगाई.

हो सकता है पूरा गिरोह
पीड़ित प्रांजल ने बताया कि प्रणव ने अपने साथी राज मिश्रा के जरिए भारत सरकार की मुहर वाला फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिया. इस पर नियुक्ति की तारीख 22 जून 2023 अंकित थी. हालांकि, वो नियुक्ति नहीं करा पाया. इसके बाद पैसे वापसी की मांग पर धमकियों का सिलसिला शुरू हुआ. प्राजंल ने मामले की शिकायत एसपी कुंवर अनुपम सिंह से की. उनके आदेश पर प्रणव द्विवेदी, बजरंग द्विवेदी, मनीष द्विवेदी, आशीष द्विवेदी, राज मिश्रा, श्रेयांश अग्रहरि और दीपक पटेल पर केस दर्ज हुआ है. अपर पुलिस अधीक्षक अखंड प्रताप सिंह के मुताबिक, कोतवाली नगर में एक व्यक्ति की तहरीर पर आईएएस बनाने के नाम पर 38 लाख की ठगी का मुकदमा दर्ज हुआ है. प्रथमदृष्टया मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है. साक्ष्य के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी. आरोपियों का पूरा गिरोह होने की अशंका भी है.

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UPSC की परीक्षा नहीं निकाल पाया तो जुगाड़ से बनने निकला IAS, लुटा बैठा लाखों



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