Vice President 2025: उपराष्ट्रपति की रेस में दो दिग्गज, लेकिन पढ़ाई-लिखाई में कौन है आगे?
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B.Sudershan Reddy vs CP Radhakrishnan, Vice President: देश की राजनीति में इस समय दो नाम सुर्खियों में हैं.एक बी.सुदर्शन रेड्डी और दूसरे सीपी राधाकृष्णन.बी.सुदर्शन रेड्डी को इंडिया गठबंधन ने उप राष्ट्रपति का प्…और पढ़ें
Justice B. Sudershan Reddy, Vice President, vice president election, Sudershan Reddy vs CP Radhakrishnan: किसने की है कितनी पढ़ाई?Who is B. Sudershan Reddy: बी. सुदर्शन रेड्डी: एक वकील से जज तक का सफर
बी. सुदर्शन रेड्डी का जन्म 8 जुलाई 1946 को तेलंगाना के रंगारेड्डी जिले के अकुला मायलाराम गांव में एक किसान परिवार में हुआ था.शुरुआती पढ़ाई लिखाई के बाद उन्होंने बीए किया और फिर उस्मानिया यूनिवर्सिटी, हैदराबाद से 1971 में एलएलबी (लॉ की डिग्री)की.इसके बाद 27 दिसंबर 1971 को वे आंध्र प्रदेश बार काउंसिल में वकील बन गए और आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट में रिट और सिविल केसों की प्रैक्टिस शुरू की. 1988 से 1990 तक वे हाई कोर्ट में सरकारी वकील रहे और 1990 में 6 महीने के लिए केंद्र सरकार के एक्स्ट्रा स्टैंडिंग काउंसिल भी बने. इसके अलावा उन्होंने उस्मानिया यूनिवर्सिटी के लिए कानूनी सलाहकार और स्टैंडिंग काउंसिल की भूमिका निभाई. उनका करियर 1995 में नई ऊंचाईयों पर पहुंचा जब उन्हें आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट का स्थायी जज बनाया गया.5 दिसंबर 2005 को वे गुवाहाटी हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस बने और 12 जनवरी 2007 से 8 जुलाई 2011 तक वे सुप्रीम कोर्ट में जज रहे. रिटायरमेंट के बाद मार्च 2013 में वे गोवा के पहले लोकायुक्त बने, लेकिन कुछ महीने बाद सितंबर 2013 में निजी कारणों से इस्तीफा दे दिया.तेलंगाना की सोशल इंजीनियरिंग में भी उनका बड़ा योगदान रहा है.उनकी पढ़ाई और अनुभव ज्यादातर लॉ और जजमेंट से जुड़ा है।
Who is CP Radhakrishnan: सीपी राधाकृष्णन: पढ़ाई से लेकर खेल तक
Justice B. Sudarshan Reddy vs CP Radhakrishnan education: पढ़ाई में कौन भारी?
अगर पढ़ाई की बात करें तो बी.सुदर्शन रेड्डी की बेसिक एजुकेशन बीए और एलएलबी तक सीमित रही जो उन्हें लॉ और जजमेंट में माहिर बनाती है. वहीं सीपी राधाकृष्णन ने बीबीए के बाद पीएचडी की, जो उन्हें पढ़ाई में एक कदम आगे रखती है. रेड्डी का फोकस लॉ प्रैक्टिस और जज बनने पर रहा जबकि राधाकृष्णन की पढ़ाई राजनीति विज्ञान और रिसर्च की तरफ झुकी हुई है.खेलों में रुचि भी उन्हें खास बनाती है. तो डिग्रियों के मामले में राधाकृष्णन आगे हैं,लेकिन दोनों की अपनी-अपनी खासियत है.दोनों उम्मीदवारों की जिंदगी अलग-अलग रास्तों से होकर यहां तक आई है.रेड्डी का लंबा कोर्ट रूम एक्सपीरियंस और राधाकृष्णन की पढ़ाई-खेल का मिश्रण इस रेस को रोचक बना रहा है. अब देखना ये है कि 9 सितंबर 2025 को वोटिंग के बाद कौन बाजी मारता है.

न्यूज़18 हिंदी (Network 18) डिजिटल में असिस्टेंट एडिटर के तौर पर कार्यरत. करीब 13 वर्ष से अधिक समय से मीडिया में सक्रिय. हिन्दुस्तान, दैनिक भास्कर के प्रिंट व डिजिटल संस्करण के अलावा कई अन्य संस्थानों में कार्य…और पढ़ें
न्यूज़18 हिंदी (Network 18) डिजिटल में असिस्टेंट एडिटर के तौर पर कार्यरत. करीब 13 वर्ष से अधिक समय से मीडिया में सक्रिय. हिन्दुस्तान, दैनिक भास्कर के प्रिंट व डिजिटल संस्करण के अलावा कई अन्य संस्थानों में कार्य… और पढ़ें