वाराणसी के दशाश्वमेध घाट पर ऐसा क्या हुआ? बाहरी नावों के आवागमन पर लगी रोक

0
वाराणसी के दशाश्वमेध घाट पर ऐसा क्या हुआ? बाहरी नावों के आवागमन पर लगी रोक


Last Updated:

Varanasi News: लगातार गंगा के जलस्तर बढ़ने से घाट किनारे रहने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं. इसके साथ ही यहां गंगा स्नान करने वाले श्रद्धालुओं को भी अब परेशानियां होने लगी है. इसके साथ ही नियमित पूजा-पाठ भी लगातार प्रभावित हो रहा है.

Top Deals Inside

वाराणसी: बनारस में गंगा ने अब विकराल रूप को धारण कर लिया है. गंगा के इस विकराल रूप के कारण अब कई सारे बदलाव भी हो रहे हैं. पर्यटकों के सुरक्षा के मद्देनजर प्रशासन ने दशाश्वमेध घाट पर होने वाली आरती के दौरान वहां बाहरी नावों को लगाने पर रोक लगा दी है. इसके लिए नाविकों के साथ बैठक भी की गई है. इसके अलावा भी कई बदलाव हुए हैं.

नाविकों के साथ हुए बैठक में प्रशासन ने नाविकों को बिना लाइफ जैकेट नाव पर किसी भी पर्यटकों को नौकायन न कराने की हिदायत भी दी है. इसके साथ क्षमता से अधिक पर्यटकों को भी न बैठाने के लिए प्रशासन ने चेताया है. बता दें कि बीते 24 घण्टे में वाराणसी में करीब 3 फीट तक गंगा का जलस्तर बढ़ा है. नाविक शंभु निषाद ने बताया कि प्रशासन की ओर से जो भी निर्देश मिलें हैं, उसका सभी नाविक पालन करेंगे.

टूट गया सम्पर्क मार्ग
वाराणसी में गंगा के उफान के कारण अब घाटों का सम्पर्क मार्ग भी टूट गया है. शनिवार की सुबह तुलसी घाट से पम्पवा घाट जाने वाले प्लेटफॉर्म पर भी पानी आ गया, जिससे दर्जनों घाटों का सम्पर्क मार्ग टूट गया. उधर दशाश्वमेध घाट से भी अहिल्याबाई घाट सहित दूसरे घाटों का सम्पर्क मार्ग टूट चुका है. केंद्रीय जल आयोग के मुताबिक, वाराणसी में गंगा का जलस्तर 63 मीटर को पार कर लिया है.

लग सकता है नाव संचालन पर रोक
वाराणसी के अस्सी के बाद अब दशाश्वमेध घाट के गंगा आरती का स्थान भी अब बदल गया है. दोनों ही घाटों पर नियत स्थान से करीब 10 फीट ऊपर आरती का आयोजन हो रहा है. बढ़ाव ऐसे ही जारी रहा तो जल्द ही वाराणसी में नाव का संचालन भी पूरी तरह से बंद हो जाएगा.

अभिनव पांडेय ने बताया कि लगातार गंगा के जलस्तर बढ़ने से घाट किनारे रहने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ गई है. इसके साथ ही यहां गंगा स्नान करने वाले श्रद्धालुओं को भी अब परेशानियां होने लगी है. इसके साथ ही नियमित पूजा-पाठ भी लगातार प्रभावित हो रहा है. बढ़ाव ऐसे ही जारी रहा तो आने वाले समय में अभी पुरोहित और नाविकों के आगे और भी बड़ा संकट खड़ा होगा.

About the Author

authorimg

आर्यन सेठ

आर्यन सेठ, News18 Hindi में डिजिटल डेस्क पर जुड़े हैं और जनवरी 2026 से उत्तर प्रदेश की राजनीति, अपराध, प्रशासन, वायरल और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर खबरें लिखते हैं. जामिया मिलिया इस्लामिया दिल्ल…

और पढ़ें



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *