बसपा नेताओं के निष्कासन की चिट्ठी निकली फेक, सुप्रीमो मायावती ने वायरल पत्र को बताया फर्जी
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Lucknow News: बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे निष्काषन एक पत्र को पूरी तरह फर्जी बताते हुए उसका खंडन किया है. दरअसल, कुछ दिन पहले पार्टी ने गाजियाबाद से जय प्रकाश सिंह और बुलंदशहर से पूर्व विधायक धर्मवीर सिंह अशोक को बाहर का रास्ता दिखाया था. इसी गहमागहमी के बीच किसी शरारती तत्व ने बुलंदशहर जिला अध्यक्ष का जाली लेटरपैड बनाकर बसपा के तीन वरिष्ठ नेताओं मुनकाद अली, मेवालाल गौतम और नौशाद अली के निष्कासन की झूठी खबर फैला दी. जिसका बसपा सुप्रीमो मायावती ने खंडन किया है.
लखनऊ: सोशल मीडिया में बहुजन समाज पार्टी के तीन बड़े और कद्दावर नेताओं को निकाले जाने का एक लेटर तेजी से वायरल हुआ था. मामले ने जब तूल पकड़ा तो खुद बसपा सुप्रीमो मायावती को सामने आकर इस पर सफाई देनी पड़ी. शनिवार को ट्वीट करते हुए उन्होंने साफ किया कि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के खिलाफ जो चिट्ठी वायरल हो रही है, वह पूरी तरह फर्जी है.
पूरा मामला तब शुरू हुआ जब कुछ दिन पहल गाजियाबाद और बुलंदशहर से दो नेताओं के निष्कासन की खबर आई. यह खबरें तो सही थीं, लेकिन इसी की आड़ में किसी ने बुलंदशहर बसपा अध्यक्ष के नाम का एक फर्जी लेटरपैड तैयार कर लिया. इस जाली पत्र में मेवालाल गौतम, मुनकाद अली और नौशाद अली जैसे वरिष्ठ नेताओं को पार्टी से बाहर करने की बात लिख दी गई. देखते ही देखते यह पत्र इंटरनेट पर वायरल हो गया और जिसके बाद पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच भ्रम की स्थिति पैदा हो गई थी.
देर रात मायावती ने दी सफाई
जिसके बाद बीती रात करीब सवा दस बजे बसपा प्रमुख मायावती ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट ‘एक्स’ पर इस मामले का खंडन किया. उन्होंने बताया कि वरिष्ठ नेताओं के नाम वाली प्रेस विज्ञप्ति फर्जी है. मायावती ने दो टूक कहा कि इस तरह के झूठ पर कोई ध्यान न दे. साथ ही उन्होंने मीडिया को भी नसीहत दी कि ऐसी गंभीर खबरों को चलाने से पहले उनकी अच्छी तरह पुष्टि जरूर कर लें.
अनुशासनहीनता पर हुई है कार्रवाई
बसपा प्रमुख ने स्पष्ट किया कि पार्टी में अनुशासन सर्वोपरि है. जिन दो नेताओं (जय प्रकाश और धर्मवीर) को निकाला गया है, उन्हें उनकी पार्टी विरोधी गतिविधियों की वजह से बाहर किया गया है. लेकिन वरिष्ठ नेताओं के नाम का इस्तेमाल कर जो अफवाह फैलाई जा रही है, वह पार्टी को बदनाम करने की कोशिश है. मायावती ने मीडिया से सावधान रहने को कहा है ताकि भविष्य में इस तरह की फेक न्यूज को बढ़ावा न मिले. बता दें कि शुक्रवार को सुप्रीमो मायावती ने बसपा के दो दिग्गज नेताओं जयप्रकाश सिंह और धर्मवीर अशोक को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया था. जयप्रकाश सिंह कुछ साल पहले राहुल गांधी पर विवादित बयान देने के चलते बसपा से निकाले गए थे. कुछ महीने पहले ही उनकी वापसी हुई थी. अब पार्टी विरोधी गतिविधियों की वजह से उनको बसपा से निकाला गया है.
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सीमा नाथ 6 साल से मीडिया के क्षेत्र में काम कर रही हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत शाह टाइम्स में रिपोर्टिंग के साथ की जिसके बाद कुछ समय उत्तरांचल दीप, न्यूज अपडेट भारत के साथ ही लोकल 18 (नेटवर्क18) में काम …और पढ़ें