Pilibhit News : PTR के 240 वॉचर! पैसा कम… शोषण ज्यादा, क्या जन्माष्टमी पर मना सकेंगे त्योहार?
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Pilibhit News : यूपी के PTR में वन एवं वन्यजीवों की सुरक्षा में लगे 240 वन वॉचरो एवं अन्य दैनिकभोगी कर्मचारियों के घरों में लंबे समय बाद इस जन्माष्टमी पर खुशी का माहौल होगा. टाइगर रिजर्व प्रशासन ने इन कर्मचारिय…और पढ़ें
दरअसल, पीलीभीत टाइगर रिजर्व की सभी पांच रेंजों में करीब 240 वॉचर तैनात हैं. दिन-रात जंगल के भीतर अपनी जान जोखिम में डालकर ड्यूटी करने वाले इन वाचरों को मात्र 9,634 रुपये ही प्रति माह मानदेय दिया जाता है. पीलीभीत टाइगर रिजर्व में स्टाफ की कमी को पूरा करने वाले इन वन वॉचरों को पूर्व में कई-कई माह बाद भी वेतन नहीं मिल पाता था. जिसके चलते अक्सर अपने हक के रुपए के लिए भी इन्हें हड़तालें करनी पड़ती थीं.
अधिकतर वन वॉचर को वेतन न मिलने के कारण तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. वहीं इनकी जिम्मेदारी की बात करें तो वन वाचरों की ड्यूटी की कोई सीमा नहीं है, रात-दिन उनको ड्यूटी करना पड़ती है. हालांकि गत वर्ष से इन वन वाचरों को मानदेय दिए जाने की स्थिति में सुधार देखा जा रहा है.
जन्माष्टमी पर खुशी होगी 2 गुनी
इधर जन्माष्टमी के मौके पर बकाया मानदेय मिलने की खबर सामने आने के बाद कर्मचारियों ने चैन की सांस ली है. गौरतलब है कि यह कर्मचारी अधिकांश त्योहारों पर या तो उधार या फिर कुछ न कुछ गिरवी रख अपने घरों के चूल्हे जलाते हैं. ऐसे में इस जन्माष्टमी लंबे अरसे बाद जंगल के रखवाले वन वॉचरों के घर खुशहाली से त्योहार मनाया जाएगा.
प्रोजेक्ट टाइगर के फंड से दिया जाएगा पैसा
अधिक जानकारी देते हुए पीलीभीत टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर मनीष सिंह ने बताया कि पीटीआर में तैनात दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को 04 माह का मानदेय दिया जा रहा है. यह मानदेय प्रोजेक्ट टाइगर के फंड से दिया जाएगा. शेष बचे बकाया मानदेय को लेकर शासन से पत्राचार किया गया है.