कितना लगा, कहां से आया, कैसे बना…? आलोक की पत्नी का गोलमोल जवाब, हाथ से जाएगी आलीशान कोठी, ED ने घेर लिया

0
कितना लगा, कहां से आया, कैसे बना…? आलोक की पत्नी का गोलमोल जवाब, हाथ से जाएगी आलीशान कोठी, ED ने घेर लिया


Last Updated:

कफ सिरप तस्करी केस में गिरफ्तार आरोपित आलोक सिंह की पत्नी उषा सिंह से केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय ने पूछताछ की. उषा सिंह का बयान लखनऊ स्थित ईडी के दफ्तर में दर्ज हुआ है. ईडी ने आलोक और ऊषा की संपत्तियों से जुड़े सवाल किए.

ईडी ने आलोक सिंह की पत्नी से की पूछताछ.

लखनऊः कफ सिरप तस्करी केस में गिरफ्तार आरोपित आलोक सिंह की पत्नी उषा सिंह से केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय ने पूछताछ की. उषा सिंह का बयान लखनऊ स्थित ईडी के दफ्तर में दर्ज हुआ है. ईडी ने आलोक और ऊषा की संपत्तियों से जुड़े सवाल किए. साथ ही सुल्तानपुर रोड पर बनी आलीशान कोठी को लेकर भी सवाल किया. प्राप्त जानकारी के मुताबिक कोठी की ज़मीन ऊषा सिंह के नाम पर है. ज़मीन खरीदने के लिए चुकाई गई रकम पर ईडी ने सवाल-जवाब किया. कोठी के निर्माण की लागत, इंटीरियर को लेकर भी ऊषा से जानकारी मांगी गई.

हालांकि ईडी के ज्यादातर सवालों का जवाब उषा सिंह ने गोलमोल दिया है. सवालों के जवाब उषा सिंह ने अपने पति आलोक सिंह पर टाल दिए. संतोषजनक जवाब न मिलने पर कोठी अटैच करने की तैयारी शुरू हो गई है. वहीं जब ईडी ने कोडीन कफ सिरप की तस्करी को लेकर आलोक के दवा कारोबार से जुड़े सवाल किए तो उषा सिंह ने चुप्पी साध ली. बता दें कि आलोक सिंह को भी कस्टडी रिमांड में लेने की तैयारी में ईडी जुटी हुई है.

उत्तर प्रदेश में कोडीन युक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार में आरोपी एवं 50 हजार रुपये के इनामी शुभम जायसवाल समेत चार व्यक्तियों के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया गया था. पुलिस के एक अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी थी. पुलिस उपायुक्‍त (डीसीपी) गौरव बंसवाल ने बताया कि शुभम जायसवाल पर पहले 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था, जिसे बाद में बढ़ाकर 50 हजार रुपये किया जा चुका था. बंसवाल ने बताया कि शुभम जायसवाल और तीन अन्य आकाश पाठक, अमित जायसवाल और दिवेश जायसवाल को देश छोड़ने से रोकने के लिए सोमवार को लुकआउट नोटिस जारी किए गए.

बंसवाल ने बताया था कि रांची के शैली ट्रेडर्स से जुड़ी कई फर्म के लाइसेंस भी निरस्त किए गए हैं। उन्होंने कहा कि जांच में सामने आया है कि शुभम जायसवाल के लिए दिवेश जायसवाल और अमित जायसवाल फर्जी फर्म और फर्जी दस्तावेजों से बिल जनरेट कराने का काम करते थे. उन्होंने बताया कि चारों के खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी किया गया है.

About the Author

authorimg

Prashant Rai

प्रशान्त राय मूल रूप से उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के रहने वाले हैं. प्रशांत राय पत्रकारिता में पिछले 8 साल से एक्टिव हैं. अलग-अलग संस्थानों में काम करते हुए प्रशांत राय फिलहाल न्यूज18 हिंदी के साथ पिछले तीन …और पढ़ें

homeuttar-pradesh

कितना लगा, कहां से आया, कैसे बना? आलोक की पत्नी का गोलमोल जवाब, हाथ से जाएगा



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *