बरेली में चूहों का कहर: नाले-सीवर और सड़कें हो रहीं खोखली, लोगों में दहशत
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बरेली में चूहों की बढ़ती संख्या से नाले, सीवर लाइन और सड़कें खोखली हो रही हैं. नवादाशेखान इलाके में एक नाला भी चूहों के कारण धंस गया. लोग और प्रशासन इस समस्या से परेशान हैं और चूहों को रोकने के लिए प्रभावी कदम …और पढ़ें
नवादाशेखा
हाइलाइट्स
- बरेली में चूहों की तादाद खतरनाक स्तर तक पहुंच गई है.
- चूहे नालों, सीवर लाइन और सड़कों की नींव को खोखला कर रहे हैं.
- नवादाशेखान इलाके में नाला चूहों की वजह से धंस गया.
बरेली: बरेली शहर में चूहों की तादाद इतनी बढ़ गई है कि ये सड़क, नाले, सीवर लाइन और घरों की नींव खोखली कर रहे हैं. हालात इतने भयावह हो गए हैं कि नवादाशेखान इलाके में एक नाला अचानक धंस गया. इस घटना से आसपास के लोग दहशत में हैं. वहीं, इस समस्या को लेकर नगर निगम प्रशासन भी गंभीर है.
वार्ड नवादाशेखान के तिरंगा होटल के पास स्थित नाला अचानक से धंसने लगा, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई. स्थानीय लोगों ने नगर निगम में शिकायत की, जहां जांच के बाद पता चला कि नाले की नींव को चूहों ने खोखला कर दिया है. पार्षद छंगामल मौर्य ने बताया कि वे और इंजीनियर इस स्थिति का निरीक्षण करने गए थे. उन्होंने कहा कि चूहों का आतंक इस कदर बढ़ चुका है कि नाला गिरने जैसा बड़ा हादसा हुआ है.
बरेली के कई इलाकों में चूहों का आतंक
शहर के कई इलाकों जैसे श्यामतगंज, सिकलापुर, कालीबाड़ी, पुराना शहर, ईंटपजाया मार्ग, संजय नगर, सुभाषनगर, वीर भट्टी, साहूकारा, और नीम की चढ़ाई में चूहे नालों की नींव, सीवर लाइन, फुटपाथ और सड़क के नीचे की जमीन खोखली कर रहे हैं. नतीजा ये हो रहा है कि जमीन धंसने लगी है और सीवर लाइनें क्षतिग्रस्त हो रही हैं. घरों के लकड़ी के दरवाजे भी चूहों के हमले से खराब हो चुके हैं.
नगर निगम के अधिकारी इस बढ़ती समस्या को गंभीरता से ले रहे हैं, लेकिन चूहों की तादाद इतनी बढ़ गई है कि नियंत्रण पाना मुश्किल होता जा रहा है. लोगों ने बताया कि चूहों की वजह से न केवल संपत्ति को नुकसान हो रहा है बल्कि शहर में सफाई और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर खतरे भी बढ़ गए हैं.
चूहे रोकने के लिए उठाए जाएं कड़े कदम
स्थानीय निवासी और पार्षद चूहों के आतंक से परेशान हैं. वे नगर निगम से मांग कर रहे हैं कि चूहों को रोकने के लिए कड़े कदम उठाए जाएं. वार्ड पार्षद छंगामल मौर्य ने कहा कि अगर जल्द प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो इस समस्या से शहर में बड़े हादसे हो सकते हैं.