गाजियाबाद में दुकान चलाने वाले हो जाएं सावधान! फटाफट कर लें ये काम, वरना हो जाएगी सील
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Ghaziabad News: गाजियाबाद में जीडीए ने आवासीय मकानों में दुकान चलाने वालों पर कार्रवाई शुरू की है, लेकिन उन्हें दुकान वैध कराने का मौका भी दिया जा रहा है. समय पर नक्शा जमा करना जरूरी है.
नोटिस मिलने पर क्या करना होगा?
नोटिस मिलने के बाद मकान मालिक को तय समय सीमा में यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी.
आर्किटेक्ट से नियमों के अनुसार नक्शा बनवाकर जीडीए में जमा करना होगा.
जीडीए द्वारा नक्शे की जांच करवानी होगी.
नक्शा सही पाए जाने पर समन शुल्क और अन्य चार्जेज जमा करना होगा.
जीडीए सचिव राजेश कुमार सिंह ने कहा लोग नोटिस का इंतजार करें और समय पर नक्शा व जरूरी दस्तावेज जमा करके अपने निर्माण को वैध कराएं. ऐसा करने से वे भविष्य में किसी भी सीलिंग की कार्रवाई से बच सकेंगे.
नक्शा जमा करें.
जहां तक फीस की बात है अगर किसी मकान का नक्शा पहले से रेजिडेंशियल पास है और उसे कमर्शियल में बदलना है तो डेवलपमेंट फीस दोबारा नहीं लगेगी. जिनका नक्शा पास ही नहीं है, उन्हें सिर्फ 4100 रुपए वन टाइम डेवलपमेंट फीस जमा करनी होगी. इसके अलावा कुछ छोटे-छोटे चार्जेज भी हैं जैसे 1000 रुपए लीगल फीस, निरीक्षण शुल्क और 10 रुपए प्रति वर्गमीटर प्लान फीस. अगर कहीं नियमों का उल्लंघन पाया जाता है, तो उसके लिए कुछ अतिरिक्त माइनर चार्ज भी तय किए गए हैं. इन शुल्कों का भुगतान करते ही दुकान कानूनी मान्यता पा लेगी.
चुनौती और अवसर दोनों
यह कदम गाजियाबाद के हजारों लोगों के लिए चुनौती और अवसर दोनों लेकर आया है. चुनौती इसलिए क्योंकि समय पर नक्शा जमा न करने पर उनकी दुकानों को सील कर दिया जाएगा और अवसर इसलिए क्योंकि पहली बार उन्हें मौका मिल रहा है कि वे अपने घरों में चल रहे व्यापार को पूरी तरह कानूनी मान्यता दिला सकें.
मीडिया फील्ड में एक दशक से अधिक समय से सक्रिय. वर्तमान में News-18 हिंदी में कार्यरत. 2010 से नई दुनिया अखबार से पत्रकारिता की शुरुआत की. फिर हिंदुस्तान, ईटीवी भारत, शुक्रवार पत्रिका, नया इंडिया, वेबदुनिया समे…और पढ़ें
मीडिया फील्ड में एक दशक से अधिक समय से सक्रिय. वर्तमान में News-18 हिंदी में कार्यरत. 2010 से नई दुनिया अखबार से पत्रकारिता की शुरुआत की. फिर हिंदुस्तान, ईटीवी भारत, शुक्रवार पत्रिका, नया इंडिया, वेबदुनिया समे… और पढ़ें