जन्माष्टमी के लिए गाजियाबाद का इस्कॉन मंदिर लाया जबरदस्त सुविधा, सीधा गर्भ गृह में पहुंचाएगा ये रास्ता

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जन्माष्टमी के लिए गाजियाबाद का इस्कॉन मंदिर लाया जबरदस्त सुविधा, सीधा गर्भ गृह में पहुंचाएगा ये रास्ता


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Iskcon Temple Ghaziabad : इस्कॉन मंदिर कई सालों से श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र रहा है. जन्माष्टमी पर इसकी रौनक और बढ़ जाती है. पिछले साल यहां 3 लाख से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे थे. इस बार और जोरदार तैयारी है.

गाजियाबाद. दिल्ली से सटे गाजियाबाद का इस्कॉन मंदिर करीब 25 सालों से श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है. राधा-कृष्ण के इस भव्य मंदिर में न केवल गाजियाबाद बल्कि आसपास के जिलों और शहरों के लोग भी बड़ी श्रद्धा रखते हैं. जन्माष्टमी के पावन पर्व पर इसकी रौनक और बढ़ जाती है. पिछले साल यहां करीब 3 लाख 30 हजार श्रद्धालु पहुंचे थे और इस बार उससे भी अधिक भक्तों के आने की उम्मीद है. राजनगर के इस इस्कॉन मंदिर को इस बार विशेष अंदाज में सजाया जा रहा है. पूरे मंदिर को भगवान के प्रिय सफेद ऑर्किड फूलों और गेंदा से महकाया जाएगा. लगभग 2 टन फूलों का इस्तेमाल होगा, जिनमें गर्भ गृह को सजाने के लिए ऑर्किड फूल विदेश से मंगाए गए हैं, जबकि दूसरे फूल कोलकाता से आएंगे.

सजावट वृंदावन के बांके बिहारी और राधा रमन मंदिर की फूल बंगला परंपरा से प्रेरित होगी. इसके लिए कलाकार भी वृंदावन से बुलाए जा रहे हैं. भक्तों के आकर्षण के लिए भगवान की पोशाक भी वृंदावन से विशेष रूप से मंगवाई गई है, जिससे जन्माष्टमी की रात को भव्यता और निखर जाएगी. जन्माष्टमी के दिन सुबह से ही अभिषेक शुरू हो जाएगा जबकि रात 11 बजे मुख्य अभिषेक शुरू होगा, जो 12 बजे के बाद पूर्ण होगा.

मंदिर प्रशासन के साथ जिला प्रशासन और पुलिस ने भी पुख्ता इंतज़ाम किए हैं. करीब 100 से ज्यादा पुलिसकर्मी मंदिर परिसर और आसपास तैनात रहेंगे ताकि भीड़ नियंत्रित रहे और श्रद्धालुओं को किसी भी तरह की परेशानी न हो. जो भक्त किसी कारण मंदिर नहीं आ सकते, उनके लिए ऑनलाइन पूजा और अभिषेक की सुविधा उपलब्ध है. भक्त अपने अपने परिवार या पूर्वजों के नाम से पूजा करवा सकते हैं और इसका प्रमाण पत्र भी उन्हें ऑनलाइन मिलेगा.

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