देखिए कमाल, एक ही पौधे पर उगा दिए आलू और टमाटर, जानें कैसे हुआ चमत्कार

0
देखिए कमाल, एक ही पौधे पर उगा दिए आलू और टमाटर, जानें कैसे हुआ चमत्कार


Agency:News18 Uttar Pradesh

Last Updated:

Potatoes and tomatoes growing : ग्राफ्टिंग तकनीक में आलू के पौधे पर टमाटर की पौध लगाई जाती है, जिससे एक पौधे से लगभग 1.5 किलो टमाटर और 500-600 ग्राम आलू की पैदावार होती है. 

X

एक ही पौधा, दो कमाल टमाटर और आलू एक ही पौधे में 

हाइलाइट्स

  • डॉ. अनंत बहादुर ने पोमैटो पौधा विकसित किया.
  • एक पौधे से 3 किलो टमाटर और 1.5 किलो आलू की उपज.
  • छोटे किसानों के लिए दोहरी उपज और डबल मुनाफा.

गाजीपुर. यूपी के गाजीपुर के जिले के डॉ. अनंत बहादुर आलू और टमाटर के साथ अनोखा प्रयोग कर सुर्खियों में हैं. गाजीपुर के रिसर्च सेंटर में उन्होंने कमाल कर दिया है. डॉ. अनंत बहादुर और उनकी टीम ने वाराणसी स्थित भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान में ग्राफ्टिंग तकनीक से ‘पोमैटो’ पौधा विकसित किया है. इस तकनीक में आलू के पौधे पर टमाटर की पौध लगाई जाती है. अक्टूबर में रोपाई के बाद दो महीने में टमाटर की तुड़ाई और मार्च के अंत में आलू की खुदाई होती है. एक पौधे से करीब 3 किलो टमाटर और 1.5 किलो आलू की उपज मिलती है.

छोटे किसानों के लिए बड़ी उम्मीद

डॉ. बहादुर के मुताबिक, पोमैटो पौधा किचन गार्डन या बालकनी में भी उगाया जा सकता है. इससे छोटे किसानों को दोहरी उपज और डबल मुनाफा मिलता है. कम जगह और कम मेहनत में अधिक उत्पादन इस खोज को खास बनाता है. मेड़ों पर उगाने और टमाटर को सहारा देने से उपज और बढ़ सकती है.

डबल मुनाफा

ग्राफ्टिंग तकनीक में आलू के पौधे को मिट्टी से 6 इंच ऊपर काटकर टमाटर की पौध लगाई जाती है. टमाटर पर आलू की तरह ही दो मेढ़ी चढ़ाई जाती है. टमाटर की दो कटिंग होती है और इसे पांच-छह बार तोड़कर मार्च के अंत में आलू की खुदाई की जाती है. ये तकनीक छोटे किसानों और शहरी लोगों के लिए वरदान साबित हो रही है.

homeagriculture

देखिए कैसे हुआ कमाल, एक ही पौधे पर उगा दिए आलू और टमाटर



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *