21.92 लाख ने दी यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा, 12 मुकदमे, 9 गिरफ्तार
UP Police Exam, UP Police Constable Exam: यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती की लिखित परीक्षा तीन दिन तक चली. 8, 9 और 10 जून 2026 को प्रदेश के 75 जिलों में बनाए गए 1183 परीक्षा केंद्रों पर दो-दो पालियों में यह परीक्षा कराई गई. इतनी बड़ी भर्ती प्रक्रिया को शांतिपूर्ण, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से पूरा करना अपने आप में एक बड़ी प्रशासनिक चुनौती थी जिसे पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने सफलतापूर्वक संभाला.
21.92 लाख अभ्यर्थी हुए शामिल
भर्ती बोर्ड के अनुसार इस परीक्षा के लिए कुल 28,86,798 अभ्यर्थियों को बुलाया गया था. इनमें 19,62,561 पुरुष और 9,24,237 महिला अभ्यर्थी शामिल थीं. तीन दिन चली परीक्षा में कुल 21,92,236 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया. इस तरह उपस्थिति प्रतिशत 75.94 रहा, जिसे बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों की मौजूदगी माना जा रहा है.
हाईटेक इंतजामों से कसी नकेल
इस बार भर्ती बोर्ड ने नकल और फर्जीवाड़े को रोकने के लिए आधुनिक तकनीक का सहारा लिया. ई-केवाईसी सत्यापन, बायोमेट्रिक मिलान, सीसीटीवी निगरानी और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग जैसे उपाय किए गए. हर परीक्षा केंद्र पर कड़ी सुरक्षा और तकनीकी जांच के चलते नकल करने या किसी और की जगह परीक्षा देने वालों की तुरंत पहचान हो सकी.
पकड़ा गया फर्जी अभ्यर्थी
गौतमबुद्ध नगर के मिहिर भोज पीजी कॉलेज परीक्षा केंद्र पर एक अभ्यर्थी की ई-केवाईसी जांच में गड़बड़ी सामने आई. जांच में पता चला कि अभ्यर्थी फर्जी आधार कार्ड के जरिए परीक्षा देने पहुंचा था.इस मामले में संबंधित थाने में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू की गई.
दूसरे की जगह परीक्षा देते पकड़ा गया
अलीगढ़ के डीएवी बालिका इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र पर एक युवक दूसरे अभ्यर्थी के नाम से परीक्षा देता हुआ पकड़ा गया. बायोमेट्रिक मिसमैच और दस्तावेजों की जांच में फर्जीवाड़ा सामने आया. मामले में न सिर्फ मुकदमा दर्ज किया गया बल्कि आरोपी को गिरफ्तार भी कर लिया गया.
अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई
परीक्षा के दौरान सोशल मीडिया पर भ्रामक वीडियो और झूठी जानकारियां फैलाने के मामले भी सामने आए. भर्ती बोर्ड द्वारा जारी व्हाट्सएप नंबर पर मिली शिकायतों के आधार पर यूट्यूब और इंस्टाग्राम पर सक्रिय कई अकाउंट्स के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए गए. इन पर भारतीय न्याय संहिता, आईटी एक्ट और उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है.
कानपुर में संदिग्ध अभ्यर्थी की जांच
कानपुर नगर के एक परीक्षा केंद्र पर एक अभ्यर्थी को संदेह के आधार पर रोका गया. प्रारंभिक जांच में उसके दस्तावेजों को लेकर सवाल उठे जिसके बाद उससे पूछताछ की गई. मामले में विस्तृत जांच के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
अब तक 12 मुकदमे, 9 गिरफ्तार
भर्ती बोर्ड के मुताबिक परीक्षा से जुड़े मामलों में अब तक कुल 12 मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं. इनमें 9 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की गई है. बोर्ड ने साफ कहा है कि फर्जीवाड़ा या अफवाह फैलाने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा.भर्ती बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि पूरी भर्ती प्रक्रिया को निष्पक्ष, पारदर्शी और विश्वसनीय बनाए रखने के लिए हर स्तर पर सख्ती बरती जा रही है. परीक्षा के सफल आयोजन में जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, तकनीकी टीमों और परीक्षा केंद्रों की अहम भूमिका रही. बोर्ड का कहना है कि आगे भी भर्ती प्रक्रिया इसी पारदर्शिता और सख्ती के साथ पूरी की जाएगी.