Sambhal Violence Report News Live: आजादी के बाद से अब तक 15 बड़े दंगे झेल चुका है संभल, हिंसा जांच रिपोर्ट पर सपा ने उठाए सवाल
Sambhal Violence Report: सपा सरकार और बर्क फैमिली का कनेक्शन
रिपोर्ट में यह बात भी सामने आई है कि संभल की डेमोग्राफी बदलने में जिम्मेदार पूर्ववर्ती सपा सरकार और बर्क फैमिली का कनेक्शन था. संभल में 1976 के दंगे में लिप्त करीब 2 दर्जन लोगों को 2006 में सपा शासनकाल में तत्कालीन सीएम मुलायम सिंह यादव ने तत्समय के आंदोलन (आपातकाल) का लोकतंत्र सेनानी घोषित किया था. संभल का सबसे बड़ा दंगा, हिंदुओ का हुआ नरसंहार, मौजूदा सांसद के दादा शफीकुर्रहमान बर्क ने मुस्लिमों का खुलकर साथ दिया था.
संभल न्यायिक जांच आयोग की रिपोर्ट में बहुत बड़ा खुलासा हुआ है.
संभल रिपोर्ट में पूर्व की समाजवादी सरकार बेनकाब हुई.
1976 के दंगों के आरोपियों को 2006 की सपा सरकार ने लोकतंत्र सेनानी घोषित किया था.
दंगों में हिंदुओं का खुलेआम नरसंहार हुआ, उसमें तत्कालीन सपा सांसद शफीकुर्रहमान बर्क ने मुस्लिमों का साथ दिया था.
तत्कालीन सपा सरकार में मुस्लिमों को मुआवजा दिया गया.
मौजूदा सपा सांसद बर्क के दादा और तत्कालीन सपा सांसद शफीकुर्रहमान बर्क के सहयोग से 1978 में हरिहर मंदिर के हवन कुंड के आसपास कीर्तन पर रोक लगाई गई थी.
बर्क ने कीर्तन पर रोक लगवा के जिस हवन कुंड के आसपास हिन्दू कीर्तन करते थे वहां वजू करने वाला स्थान बनाया.
Sambhal Violence: जुमे की नमाज पर पुलिस अलर्ट
संभल न्यायिक जांच आयोग की रिपोर्ट एवं जुमे की नमाज को लेकर प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है. प्रशासन ने जामामस्जिद पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था, मस्जिद के सभी रास्तों पर बैरियर, cctv से शहर की निगरानी, पुलिस चौकी के कंट्रोल रूम से पूरी मानीटरिंग हो रही है.
– संभल हिंसा पर न्यायिक आयोग की रिपोर्ट लीक.
– अमेरिका से पाकिस्तान तक निकला कनेक्शन.
– इंटरनेशनल टेरर का खौफनाक मॉड्यूल.
– रिपोर्ट से गृह विभाग में भूचाल : सूत्र
– रिपोर्ट को लेकर गृह विभाग में मैराथन मंथन : सूत्र
– संभल से गजवा-ए-हिंद का मंसूबा
– हिंदू आबादी को कम कर आतंकिस्तान बनाने का गंदा खेल
– गजवा-ए-हिंद में 45 से 15 प्रतिशत ही रह गई हिन्दू आबादी
– तुर्कों ने खड़ा कर दिया कन्वर्टेड आतंकियों का नेटवर्क
– हरकत-उल-मुजाहिदीन, तहरीक-ए-तालिबान का खेल
– संभल में अलकायदा जैसे खौफनाक आतंकी संगठनों का नेटवर्क
– संभल हिंसा पर न्यायिक रिपोर्ट में हुआ खुलासा
– वैश्विक आतंकियों की टॉप टेन लिस्ट में संभल का कनेक्शन
– अमेरिका की टॉप टेन लिस्ट में संभल का मौलाना आसिम उमर
– अहमद रजा उर्फ शाहरुख, मोहम्मद आसिफ भी संभल के आतंकी
– संभल से भारतीय उपमहाद्वीप का अलकायदा चीफ
– संभाल से समूचे दक्षिण एशिया में विस्तार हो रहा था आतंकी नेटवर्क
– अल कायदा के आतंकियों का संभल कनेक्शन
– मौलाना असीम था अल कायदा का कमांडर
– शाहरुख था हिजबुल मुजाहिद्दीन का आतंकी
– मदरसे का मौलाना था संभल का शाहरुख
– ISI से भी था संभल से निकले आतंकियों का कनेक्शन
– अब तक संभल से निकले छह आतंकियों की पहचान
– संभल से गायब चार संदिग्धों का अबतक पता नहीं चला
– मोहम्मद आसिफ था अलकायदा इंडिया का चीफ
– जफर मसूद करता था अलकायदा में भर्ती का काम
– संभल से पकड़े गए इस्लामिक स्टेट के आतंकी
– अफगानिस्तान में मारा गया था संभल का असीम उमर
– पाकिस्तान के गजवा ए हिन्द का कनेक्शन
– संभल से उजागर हुआ है पाकिस्तानी घुसपैठियों के तार
– संभल हिंसा के पीछे का सबसे खौफनाक और डराने वाला काला सच
– तुर्क बनाम कन्वर्टेड हिन्दू पठान के झगड़े से खुलासा
– संभल हिंसा में हिंदुओं के सफ़ाए की योजना से खुलासा
– संभल में आतंकियों का डेरा, हिन्दू पलायन की सबसे खौफनाक कहानी
– दंगों-लव जिहाद ने बदल दी संभल की पूरी तस्वीर
– सरकार प्रायोजित दंगो में बच्चियों के साथ हुआ दुराचार
– संभल छोड़कर भागने पर विवश हुए हिन्दू
– संभल से ब्रेनवाश और लव जिहाद की सबसे खौफनाक कहानी
– संभल में दंगाइयों को खुल्ला संरक्षण, दर्ज नहीं हुए FIR
– संभल में नेताओं और जिहादियों का गंदा गठजोड़
– दंगाइयों के डर से संभल से सबकुछ छोड़ के भागे लोग
– प्रायोजित दंगों की आड़ में मंदिरों को बनाया गया निशाना
– पौराणिक तीर्थों पर दंगाइयों ने किया कब्जा
– आराजकता फैलाता रहा है जिया उर रहमान बर्क का परिवार
– जिया उर रहमान बर्क के खौफ में रहीं हैं सरकारें
– CAA पर जबरदस्ती, 6 दिन तक बाजारों को करवाया बंद
– पहली बार योगी राज में दंगों से बची हिंदुओं की जान
– सिर्फ 20 प्रतिशत हिन्दू, हर दंगे में हिंदुओं पर चले मुकदमे
– सरकारों के संरक्षण में हिंदुओं को प्रताड़ित करने का प्लान
Sambhal Violence: संभल न्यायिक जांच आयोग की रिपोर्ट में ‘लव जिहाद’ की बात
– संभल बना ‘लव जिहाद’ की प्रयोगशाला.
– किशन लाल रेवड़ी, चमन लाल जैसे परिवारों की बेटियों को ‘लव जिहाद’ में फंसाने के आरोप.
– संभल में मुस्लिम युवकों ने संगठित साजिश के तहत रचाया प्रेम जाल.
– हिन्दू परिवारों का पलायन, बदली जा रही थी डेमोग्राफिक तस्वीर.
न्यायिक आयोग की रिपोर्ट को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सौंप दिया गया है, जिसमें कई अहम खुलासे हुए है…
– दंगों का इतिहास: संभल में 1947 से अब तक 15 बड़े दंगे हो चुके हैं, जिनमें हिंदुओं को निशाना बनाया गया. रिपोर्ट में कहा गया है कि इन दंगों में कट्टरपंथी समूहों और बाहरी दंगाइयों की भूमिका थी.
– विदेशी हथियारों का उपयोग: रिपोर्ट में कहा गया है कि संभल दंगों में विदेशी हथियारों का उपयोग किया गया था, जिनमें मेड इन यूएसए हथियार भी शामिल हैं.
– आतंकी नेटवर्क: रिपोर्ट में कहा गया है कि संभल कई आतंकवादी संगठनों का अड्डा बन चुका है. गजवा-ए-हिंद के मंसूबे भी संभल से जुड़े हुए हैं.
– जनसांख्यिकीय परिवर्तन: रिपोर्ट में कहा गया है कि संभल में हिंदुओं की आबादी घट रही है, जबकि मुस्लिम आबादी में तेजी से वृद्धि हो रही है.
राज्यसभा सांसद जावेद अली ने कहा कि धर्मांतरण व भय से पलायन की थ्योरी स्थापित कर रही सरकार. संभल के बहाने पूरे प्रदेश में एक बार फिर हिन्दू-मुस्लिम ध्रुवीकरण का अभियान जोर शोर से चलाया जा रहा है. संभल की वास्तविकता 1951 व 2011 की जनगणना के आंकड़े देख कर ही समझें. उन्होंने साल 1951 और 2011 की जनगणना के आंकड़े भी शेयर किए. उन्होंने कहा कि संभल में हर चुनाव में लगातार भाजपा की हार का अंतर बढने से सरकार संभल के प्रति द्वेष भावना रखती है. 1951 की जनगणना के अनुसार सम्भल नगरीय क्षेत्र की जनसंख्या 61568 थी, जिसमें मुस्लिमों की संख्या 43667 लगभग 71% तथा हिन्दुओं की संख्या 17901 लगभग 29% थी. 2011 की जनगणना के अनुसार संभल नगरीय क्षेत्र की जनसंख्या 220813 थी, जिसमें मुस्लिमों की संख्या 171514 लगभग 78% तथा हिन्दुओं की संख्या 48581 लगभग 22% थी. कहा कि 2021 की जनगणना कोरोना के कारण सम्पन्न नहीं हो सकी,अब 2027 में जनगणना प्रस्तावित है. लिहाजा 2028 के अन्त तक नवीनतम आंकड़े उपलब्ध होंगे.
संभल हिंसा रिपोर्ट में खौफनाक खुलासे
संभल हिंसा पर न्यायिक आयोग की रिपोर्ट ने कई चौंकाने वाले राज खोले हैं. सूत्रों के मुताबिक रिपोर्ट में अमेरिका से पाकिस्तान तक के कनेक्शन और इंटरनेशनल टेरर मॉड्यूल का जिक्र किया गया है. आयोग की रिपोर्ट में ‘गजवा-ए-हिंद’ जैसे खतरनाक मंसूबों की बात सामने आई है. सीएम योगी को सौंपी गई इस रिपोर्ट के बाद गृह विभाग सक्रिय हो गया है और लगातार मैराथन मंथन चल रहा है. रिपोर्ट के इन खुलासों ने प्रदेश की सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया है.
संभल के शाही जामा मस्जिद और हरिहर मंदिर विवाद को लेकर बरेली के प्रमुख मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने बड़ा बयान दिया है. मौलाना ने संभल की जामा मस्जिद के संबंध में आई सर्वे जांच रिपोर्ट को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि यह रिपोर्ट तोड़-मरोड़कर पेश की गई है और मुस्लिम समुदाय इसे स्वीकार नहीं करता. उन्होंने कहा, “संभल में जामा मस्जिद थी, है और कयामत तक रहेगी.”
संभल हिंसा की जांच रिपोर्ट पर उत्तर प्रदेश की माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि कभी संभल में हिंदुओं की संख्या 45% थी, लेकिन अब मात्र 15% रह गई है. सवाल यह है कि बाकी 30% हिंदू कहां गए? क्या उन्होंने धर्म परिवर्तन कर लिया या उनकी हत्या कर दी गई? मंत्री ने कहा कि यह सच्चाई जांच रिपोर्ट से साफ होगी और न्यायालय भी रिपोर्ट के आधार पर अपना निर्णय देगा. उनका कहना है कि सरकार और अदालत दोनों तथ्य सामने आने पर ही कदम उठाएंगे.
सपा प्रवक्ता ने साधा निशाना
15 बड़े दंगे झेल चुका संभल
रिपोर्ट के मुताबिक संभल आजादी के बाद से अब तक 15 बड़े दंगे झेल चुका है. 1947, 1948, 1953, 1958, 1962, 1976, 1978, 1980, 1990, 1992, 1995, 2001 और 2019 के बाद 2024 में एक बार फिर हिंसा हुई. आजादी के समय संभल नगर पालिका क्षेत्र में 55% मुस्लिम और 45% हिंदू रहते थे, लेकिन लगातार दंगों और तुष्टिकरण की राजनीति ने डेमोग्राफी बदल दी. मौजूदा वक्त में संभल की आबादी में करीब 85% मुस्लिम और महज 15–20% हिंदू बचे हैं.