‘ट्रांसफॉर्मर लगते ही फुंक जाता है…’ चंदौली के घूरो गांव में लोग परेशान
चंदौली: जिले के मुगलसराय विधानसभा क्षेत्र के नियामताबाद ब्लॉक स्थित घूरो गांव में पिछले करीब 15 दिनों से बिजली संकट गहराता जा रहा है. गांव में लगा 25 केवी का ट्रांसफॉर्मर लगातार जल जाने से ग्रामीण भीषण गर्मी में परेशान हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि गांव में लगभग 70 से अधिक उपभोक्ता इसी ट्रांसफॉर्मर से बिजली कनेक्शन लिए हुए हैं, जिसके कारण ट्रांसफॉर्मर पर क्षमता से अधिक भार पड़ रहा है. हालात ऐसे हैं कि नया ट्रांसफॉर्मर लगने के कुछ ही मिनटों बाद फुंक जा रहा है.
दरअसल, गांव में बिजली संकट को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी देखने को मिली. बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा होकर अपनी समस्याएं सामने रख रहे हैं. ग्रामीणों का कहना है कि यह कोई नई समस्या नहीं है, बल्कि हर साल गर्मी के मौसम में यही स्थिति बन जाती है.
फिर से जल गया ट्रांसफॉर्मर
ग्रामीण पप्पू कुमार बिंद ने लोकल से बातचीत में बताया कि पिछले साल भी गांव में यही समस्या हुई थी. उस समय अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने आश्वासन दिया था कि 25 केवी के ट्रांसफॉर्मर को बदलकर 63 केवी का ट्रांसफॉर्मर लगाया जाएगा. उन्होंने कहा कि 10 दिन में ट्रांसफॉर्मर बदलने की बात कही गई थी, लेकिन 10 महीने बीत गए और समस्या जस की तस बनी रही. जैसे ही गर्मी बढ़ी और तापमान 45 डिग्री के पार पहुंचा, ट्रांसफॉर्मर फिर जल गया.
जबरदस्ती लगवाया स्मार्ट मीटर
उन्होंने आरोप लगाया कि गांव में स्मार्ट मीटर लगाने के दौरान लोगों ने बिजली विभाग से पहले लाइन और ट्रांसफॉर्मर की क्षमता बढ़ाने की मांग की थी, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई. पप्पू बिंद ने बताया कि गांव के लोगों ने कहा था कि पहले बिजली व्यवस्था सुधारी जाए, उसके बाद स्मार्ट मीटर लगाया जाए, लेकिन अधिकारियों ने जबरदस्ती स्मार्ट मीटर लगवाया. यहां तक कि पुलिस बल के साथ दबाव बनाकर मीटर लगाए गए. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मामूली बकाया होने पर भी बिजली काट दी जाती है. अगर 50 रुपये भी बकाया हो जाए, तो रात में बिजली काट दी जाती है और जमा करने के बाद भी 2 दिन बाद लाइन चालू होती है.
लोगों की खराब हो रही तबीयत
धनावती देवी ने भी बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई. उन्होंने लोकल 18 से कहा कि पिछले 2 वर्षों से गांव में यही स्थिति बनी हुई है. लाइन आती है और तुरंत चली जाती है. ट्रांसफॉर्मर जल गया है, बिजली नहीं है, लोग गर्मी से परेशान हैं. पैसे जमा न करने पर तुरंत बिजली काट दी जाती है. उन्होंने यह भी कहा कि भीषण गर्मी में बिजली न होने से लोगों की तबीयत खराब हो रही है और बुजुर्गों तथा बच्चों को सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ रही है.
क्षमता से अधिक लोड झेल रहा ट्रांसफॉर्मर
भाजपा नेता राणा सिंह ने गांव पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने माना कि गांव में लगा 25 केवी का ट्रांसफॉर्मर क्षमता से अधिक लोड झेल रहा है. राणा सिंह ने लोकल 18 से बताया कि इस ट्रांसफॉर्मर पर लगभग 75 से 80 उपभोक्ताओं का भार है, जो इसकी क्षमता से कहीं अधिक है. लोग नियमित बिजली बिल भी जमा कर रहे हैं और स्मार्ट मीटर भी लगे हुए हैं, इसलिए उन्हें पर्याप्त बिजली मिलनी चाहिए. उन्होंने बताया कि इस संबंध में अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता और अवर अभियंता सहित बिजली विभाग के सभी अधिकारियों से बातचीत की गई है. फिलहाल गांव में अस्थायी रूप से 25 केवी का नया ट्रांसफॉर्मर लगाया जा रहा है, ताकि बिजली आपूर्ति शुरू हो सके.
लापरवाही नहीं की जाएगी बर्दाश्त
राणा सिंह ने कहा कि अगले दिन विभागीय अधिकारी गांव पहुंचकर लोड का आकलन करेंगे और आवश्यकता पड़ने पर 63 केवी या उससे अधिक क्षमता का ट्रांसफॉर्मर लगाया जाएगा. उन्होंने कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो 100 केवी का ट्रांसफॉर्मर भी लगाया जाएगा. जनता बिजली बिल दे रही है, तो उन्हें पर्याप्त बिजली मिलनी चाहिए. अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. वहीं, कुछ महिलाओं ने स्मार्ट मीटर लगाने के दौरान पुलिस बल द्वारा दबाव बनाए जाने और पैसे लेने के आरोप भी लगाए. इस पर राणा सिंह ने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में आया है और इसकी शिकायत उच्च अधिकारियों से की गई है. उन्होंने कहा कि यदि किसी कर्मचारी या अधिकारी ने दबाव बनाकर या पैसे लेकर स्मार्ट मीटर लगाया है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.