पिता का सपना, बेटे का संघर्ष, कायम की सफलता की मिसाल, सेना में बने अफसर

0
पिता का सपना, बेटे का संघर्ष, कायम की सफलता की मिसाल, सेना में बने अफसर


Last Updated:

Indian Army Story: उत्तराखंड के साकेत बिष्ट ने तीसरी बार में UPSC NDA पास कर इंडियन मिलिट्री एकेडमी से ट्रेनिंग पूरी कर भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने. उनकी सफलता ने परिवार और राज्य को गर्वित किया है.

Indian Army Story: पिता के सपने को पूरा करने के लिए सेना में बनें अधिकारी.

हाइलाइट्स

  • तीसरे प्रयास में UPSC NDA पास किया.
  • IMA से ट्रेनिंग पूरी कर भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने.
  • सफलता ने परिवार और राज्य को गर्वित किया.

Indian Army Story: अगर आप किसी काम में लगातार लगे रहते हैं, तो सफलता जरूर मिलती है. इन्ही बातों को फॉलो करते हुए उत्तराखंड के साकेत बिष्ट (Saket Bisht) ने तीसरी बार में UPSC NDA को पास करने में सफल रहे हैं. वह इंडियन मिलिट्री एकेडमी (IMA) से ट्रेनिंग पूरा करके भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने हैं. उन्होंने अपनी इस सफलता से जिले और प्रदेश का नाम रोशन किया है. उनकी इस उपलब्धि ने न केवल परिवार को गर्व से भर दिया, बल्कि पूरे राज्य को भी गौरवान्वित किया.

पिता का सपना, बेटे ने किया साकार

NDA के जरिए भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने साकेत बिष्ट उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के रानीखेत से ताल्लुक रखते हैं. साकेत बिष्ट के पिता नरेंद्र बिष्ट देहरादून में साइबेरिया हेडक्वार्टर में कार्यरत हैं. उन्होंने हमेशा यह सपना देखा था कि उनका बेटा एक दिन मिलिट्री ऑफिसर बनेगा. सेना में काम करते हुए उन्होंने कई अफसरों को कमांडिंग पोजिशन में देखा था और यही सपना उन्होंने साकेत के लिए भी संजोया था. साकेत की सफलता ने उनके इस सपने को साकार कर दिया.

बचपन से ही दिखाए थे प्रतिभा के संकेत

नरेंद्र बिष्ट बताते हैं कि साकेत बचपन से ही पढ़ाई में होशियार और अनुशासित रहा है. पढ़ाई के साथ-साथ वह खेलों में भी सक्रिय था. परिवार ने भी हर संभव प्रयास किया कि साकेत अपने लक्ष्य तक पहुंच सके. उनके अनुसार उन्हें शुरू से ही विश्वास था कि साकेत एक दिन बड़ा मुकाम हासिल करेगा. साकेत बिष्ट ने तीन प्रयासों के बाद NDA परीक्षा को पास किया. इसके बाद उन्होंने इंडियन मिलिट्री एकेडमी में एक साल का कठोर प्रशिक्षण पूरा किया. इस कठिन यात्रा के बाद आखिरकार उन्होंने सेना में लेफ्टिनेंट बनकर सफलता की ऊंचाई को छू लिया.

मां ने जताया गर्व, बोलीं-यह दिन कभी नहीं भूलेंगी

authorimg

Munna Kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव. दूरदर्शन, ज़ी मीडिया और News18 के साथ काम किया है. इन्होंने अपने करियर की शुरुआत दूरदर्शन दिल्ली से की, बाद में ज़ी मीडिया से जुड़े और वर्तमान में News18 Hin…और पढ़ें

पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव. दूरदर्शन, ज़ी मीडिया और News18 के साथ काम किया है. इन्होंने अपने करियर की शुरुआत दूरदर्शन दिल्ली से की, बाद में ज़ी मीडिया से जुड़े और वर्तमान में News18 Hin… और पढ़ें

homecareer

पिता का सपना, बेटे का संघर्ष, कायम की सफलता की मिसाल, सेना में बने अफसर



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *