जीएसटी में कटौती का असर…कार-बाइक के बाजार में लौटी रौनक, शोरूम में इन गाड़ियों की बंपर बुकिंग
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Kanpur News: कानपुर में जीएसटी दरों में कमी के बाद 5 से 10 लाख की कारों और दोपहिया वाहनों की बुकिंग में जबरदस्त बढ़ोतरी हुई है. शोरूम उपहार और लकी ड्रा कूपन भी दे रहे हैं.
5 से 10 लाख की कारों में उमड़ी भीड़
कानपुर के मैकराबर्टगंज स्थित सोसाइटी मोटर्स के एजीएम सर्वेश ने बताया कि मध्यमवर्गीय परिवार से आने वाले लोग सबसे ज्यादा 5 से 10 लाख रुपये की कारों की बुकिंग कर रहे हैं. नवरात्रि और अच्छे मौसम के चलते लोग अपने परिवार के लिए इन कारों की बुकिंग कर रहे हैं, ताकि धनतेरस और दीपावली तक गाड़ी मिल जाए. उन्होंने बताया कि नई जीएसटी दरों के लागू होने के बाद कारों में औसतन 60 हजार रुपये से लेकर डेढ़ लाख रुपये तक की छूट मिली है. इसके चलते ग्राहक अब बिना ज्यादा सोच-विचार के अपनी पसंदीदा कार बुक कर रहे हैं.
दोपहिया वाहनों की बिक्री भी बढ़ी
दोपहिया वाहनों की बिक्री को लेकर नटराज कॉमर्शियो प्रा. लि. के जीएम रामेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि बाइक और स्कूटर में औसतन 8 से 9 हजार रुपये तक की छूट मिली है. 22 सितंबर तक ग्राहक खरीदने के लिए इंतजार कर रहे थे. अब उन्हें यह मौका मिलने के बाद बुकिंग तेजी से हो रही है. धनतेरस और दीपावली पर दोपहिया वाहनों की भी अच्छी बिक्री की उम्मीद है.
गिफ्ट और लकी ड्रा के कूपन
शोरूम संचालक ग्राहकों को लुभाने के लिए गिफ्ट और लकी ड्रा के कूपन भी दे रहे हैं. इन कूपनों में ग्राहकों को अतिरिक्त छूट और उपहार मिल रहे हैं.इससे ग्राहक अपनी पसंद की गाड़ी खरीदते समय दोहरी खुशी महसूस कर रहे हैं. नई जीएसटी दरों और उपहारों के साथ यह समय ग्राहकों के लिए बहुत ही अनुकूल साबित हो रहा है.
5 से 10 लाख रुपये की कारों में ग्राहकों की भारी भीड़ और शोरूम में बुकिंग की संख्या इस बात का संकेत है कि जीएसटी की दरों में कमी ने कार और बाइक खरीदने वालों को बड़ा प्रोत्साहन दिया है. शोरूम संचालक भी इस मौके का फायदा उठाते हुए ग्राहकों को अतिरिक्त उपहार और छूट दे रहे हैं.ऐसे में कानपुर में कार और बाइक का बाजार इस समय सबसे ज्यादा सक्रिय और उत्साहित नजर आ रहा है.
पिछले एक दशक से भी अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय हूं. पत्रकारिता की शुरुआत 2010 में नई दुनिया अखबार से की, जिसके बाद सफर लगातार आगे बढ़ता गया. हिंदुस्तान, शुक्रवार पत्रिका, नया इंडिया, वेबदुनिया और ईटीवी जैस…और पढ़ें
पिछले एक दशक से भी अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय हूं. पत्रकारिता की शुरुआत 2010 में नई दुनिया अखबार से की, जिसके बाद सफर लगातार आगे बढ़ता गया. हिंदुस्तान, शुक्रवार पत्रिका, नया इंडिया, वेबदुनिया और ईटीवी जैस… और पढ़ें